दशकों तक AC रूम में गरीबी हटाने की प्लानिंग होती रही, 2014 के बाद हमने बदल दिया वो दौर- बोले PM मोदी
Delhi News: ग्लोबल बिजनेस समिट में PM Modi ने विपक्ष पर जमकर हमला बोला और मोदी सरकार की उपलब्धि भी बताई।
- प्रधान सेवक नरेंद्र मोदी
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Delhi News: ग्लोबल बिजनेस समिट में PM Modi ने विपक्ष पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि सालों तक गरीबी हटाने के फॉर्मूले लाने की बहस AC कमरों में होती रही। गरीब गरीब ही रहा, लेकिन 2014 के बाद जब गरीब का बेटा PM बना तो गरीबी के नाम पर जो उद्योग चल रहा था, वह चरमरा गया। मैं गरीबी से निकलकर यहां तक पहुंचा हूं और इसलिए मुझे पता है कि गरीबी से कैसे लड़ना है।
श्वेत पत्र को लेकर क्या बोले पीएम मोदी?
पीएम मोदी ने कहा- 'आज से 10 साल पहले 2014 से पहले जिन नीतियों पर देश चल रहा था, वो नीतियां देश को गरीबी की राह पर ले जा रही थीं। संसद के इस सत्र में आर्थिक स्थितियों को लेकर एक श्वेत पत्र भी रखा गया है। यह 'श्वेत पत्र' मैं 2014 में भी ला सकता था। अगर मुझे अपना राजनीतिक स्वार्थ पूरा करना होता तो मैं इसे 2014 में लाता। जो चीजें मेरे सामने सामने आईं, उससे मैं हैरान रह गया। आर्थिक हालत बदतर थी। अगर मैं ये बातें बता देता तो देश का सारा भरोसा उठ जाता। लोग सोचते कि बचने का कोई रास्ता नहीं होगा। राजनीतिक तौर पर यह मेरे लिए अनुकूल होता। अब जब 10 वर्षों में हम उस स्थिति में आ गए हैं जहां हम किसी भी चीज से लड़ सकते हैं, मैंने सोचा कि मुझे देश के सामने सच्चाई बतानी चाहिए।'
'25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले'
पीएम मोदी ने कहा- 'पिछले 10 वर्षों में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले। इससे पता चलता है कि हमारी सरकार की नीतियां सही हैं और हमारी दिशा सही है। इस दिशा में आगे बढ़ते हुए हम देश की गरीबी को कम करेंगे और इसे विकसित बनाएंगे। हमारा गवर्नेंस मॉडल एक साथ दो धाराओं पर आगे बढ़ रहा है। एक ओर, हम उन चुनौतियों का भी समाधान कर रहे हैं जो हमें 20वीं सदी से विरासत में मिली हैं। दूसरी ओर, हम 21वीं सदी की आकांक्षाओं को पूरा करने में भी लगे हुए हैं। हमने बड़ी चुनौतियों का सामना किया और बड़े लक्ष्य हासिल किए।'
'यह भारत का दौर है...'
पीएम मोदी ने कहा- 'ये भारत का समय है। यह समयावधि वास्तव में अभूतपूर्व है। यह वह समय है जब हमारी विकास दर लगातार बढ़ रही है और राजकोषीय घाटा कम हो रहा है। यह वह समय है जब हमारा निर्यात बढ़ रहा है और चालू खाते का घाटा कम हो रहा है। महंगाई नियंत्रण में है। यह वह समय है जब अवसर और आय दोनों बढ़ रहे हैं और गरीबी कम हो रही है।'