'...मां को जिंदगी भर रोते रहने के लिए मजबूर कर दिया', झारखंड में नक्सलवाद के खिलाफ जमकर बरसे PM मोदी
Jharkhand News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोडरमा की जनता को संबोधित किया।
- प्रधान सेवक नरेंद्र मोदी
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Jharkhand News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोडरमा की जनता को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने नक्सलवाद के खिलाफ जमकर आवाज उठाई। PM मोदी ने कहा कि मोदी झारखंड को फिर से नक्सलवाद का गढ़ नहीं बनने देगा।
'...मां को जिंदगी भर रोते रहने के लिए मजबूर कर दिया'
PM मोदी ने कहा- 'जो बेटे नक्लवाद की राह पर जाकर बम, बंदूक उठा रहे थे, उन्होंने खुद को तो बर्बाद कर दिया, परिवार को भी बर्बाद कर दिया और उस मां को जिंदगी भर रोते रहने के लिए मजबूर कर दिया। इस आग में वामपंथियों ने भी अपनी रोटियां सेकी। ये बीजेपी की सरकार है, जिसने देश में नक्सली हिंसा पर लगाम लगाई। मोदी को चुनौतियों को टालना नहीं, मोदी को टकराना आता है। जब हौसला फौलादी हो तो बड़ी से बड़ी चुनौती भी चरण चूमने लगती है। आज देश में नक्सलवाद का दायरा सिकुड़ गया है।'
'दिल्ली में आपका बेटा बैठा है...'
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा- 'माताएं-बहनों को अब पीड़ा नहीं सहनी है। दिल्ली में आपका बेटा बैठा है। क्षेत्र के गरीबों को बड़ा सहारा मिला है। मोदी ने उन्हें अस्पताल में पांच लाख तक के मुफ्त इलाज की सुविधा दी है। हर गरीब का सपना होता है, उसके पास पक्का घर हो। आपका बेटा अगर दिल्ली में बैठा हो और आप कच्चे घर में रहे, इस बेटे को ये मंजूर नहीं है। अब तक 4 करोड़ परिवारों को पक्के घर दे चुका हूं। तीसरी टर्म में आऊंगा, जो बच गए हैं, उनको पक्के घर देकर रहूंगा, ये मोदी की गारंटी है। मेरे लिए आप ही मोदी हैं, गारंटी दे देना।'
उन्होंने आगे कहा- ‘मेरे से पहले सोनिया बहन की रिमोट वाली सरकार चलती थी। उस समय के प्रधानमंत्री से पूछा अनाज सड़ रहा है, उन्होंने कहा गरीबों को दे नहीं सकते। भूख क्या होती है, मैं जानता हूं। बच्चे भूखे होते हैं तो मां रात भर आंसू पीते रहती है, मैंने देखा है। मैंने तय किया, गरीब का चूल्हा बुझने नहीं दूंगा, गरीब के बच्चों को भूखे सोने नहीं दूंगा। इसलिए 80 करोड़ लोगों को मुफ्त इलाज पहुंच रहा है। लिखकर रखिये तीसरी बार आने के बाद अगले पांच साल मुफ्त राशन मिलता रहेगा। गरीब का ये बेटा आपके जीवन की हर परेशानी को समाप्त करने में जुटा है। आपका आशीर्वाद चाहिए जो छूट गए, उनतक भी ये योजनाएं पहुंचा सकूं।’