अब सरकारी ऑफिस के चक्कर लगाना बंद, घर बैठे Whatsapp पर पाएं अपना आयुष्मान कार्ड; बस सेव कर लीजिए ये नंबर

सरकार ने 'आयुष्मान सारथी' नाम का एक WhatsApp-बेस्ड टूल लॉन्च किया है, जिससे लोग घर से बाहर निकले बिना अपने फोन से ही अपना आयुष्मान भारत कार्ड मैनेज कर सकते हैं।

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Getting Your Ayushman Card No Longer Means A Trip To Government Office,  WhatsApp Can Now Do It
Ayushman Card | Image: Ayushman Bharat

सरकारी हेल्थ कार्ड के लिए अप्लाई करने का मतलब पहले कागजी कार्रवाई, वेटिंग रूम में इंतजार और कॉमन सर्विस सेंटर के कई चक्कर लगाना होता था। अब यह बदल रहा है। सरकार ने 'आयुष्मान सारथी' नाम का एक WhatsApp-बेस्ड टूल लॉन्च किया है, जिससे लोग घर से बाहर निकले बिना अपने फोन से ही अपना आयुष्मान भारत कार्ड मैनेज कर सकते हैं।

आखिर आयुष्मान सारथी क्या है?

इसे WhatsApp के अंदर मौजूद एक डिजिटल हेल्पर की तरह समझें। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने इसे भारत की मुख्य हेल्थ इंश्योरेंस स्कीम, PM-JAY को डिजिटल बनाने की बड़ी कोशिश के तहत लॉन्च किया। नेशनल हेल्थ अथॉरिटी द्वारा बनाया गया यह चैटबॉट लोगों को उनकी हेल्थ स्कीम के फायदों तक सीधी और हर समय उपलब्ध पहुंच देता है, ताकि उन्हें किसी हेल्पलाइन पर कॉल करने या कहीं जाने की जरूरत न पड़े।

यह मुख्य रूप से मेन्यू-बेस्ड बातचीत पर काम करता है। आप इसे मैसेज करते हैं, यह ऑप्शन के साथ जवाब देता है और आपको हर काम के लिए स्टेप-बाय-स्टेप गाइड करता है, न कोई ऐप डाउनलोड करना है, न अलग से लॉग-इन करना है और न ही कोई नया अकाउंट याद रखना है।

यह असल में आपकी क्या मदद कर सकता है?

यह कई तरह के काम कर सकता है। आप पता लगा सकते हैं कि आप इस स्कीम के लिए योग्य हैं या नहीं, नए कार्ड के लिए अप्लाई कर सकते हैं या पहले से मौजूद कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। यह eKYC वेरिफिकेशन भी करता है और आपको चैट के जरिए सीधे अपना आधार लिंक करने की सुविधा देता है। क्या आपको कार्ड के गलत इस्तेमाल की चिंता है? आप उसी बातचीत के दौरान इसे लॉक या अनलॉक कर सकते हैं।

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70 साल और उससे ज्यादा उम्र के बुज़ुर्ग लाभार्थियों के लिए भी एक खास सुविधा है, जो 'आयुष्मान वयो वंदना कार्ड' का लाभ उठा सकते हैं। यह स्कीम का ही एक वर्शन है जिसे खास तौर पर सीनियर सिटिज़न को ध्यान में रखकर बनाया गया है।

कार्ड के अलावा, यह बॉट एक क्विक-रेफरेंस टूल के तौर पर भी काम करता है। क्या आपको यह चेक करना है कि आपके हेल्थ कवर में कितना बैलेंस बचा है? क्या आप अपना पिछला इलाज का रिकॉर्ड देखना चाहते हैं? क्या आप आस-पास कोई ऐसा हॉस्पिटल ढूंढ रहे हैं जो यह कार्ड स्वीकार करता हो? ये सभी जानकारी उसी चैट थ्रेड में मिल जाती है।

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इसे इस्तेमाल करना कैसे शुरू करें?

सबसे पहले, अपने फोन में यह ऑफिशियल नंबर सेव करें - +91 72908 23838... फिर WhatsApp खोलें और उस नंबर पर बस "Hi" लिखें, जिससे चैटबॉट एक्टिवेट हो जाएगा और ऑप्शन का मेन्यू दिखाएगा। वहां से, अपनी जरूरत के हिसाब से सर्विस चुनें। आपसे आपका मोबाइल नंबर और आधार से जुड़ी जानकारी मांगी जाएगी, जिसके बाद यह पक्का करने के लिए कि आप ही हैं, एक OTP भेजा जाएगा। एक बार वेरिफिकेशन पूरा हो जाने पर, आपकी eKYC पूरी मानी जाएगी और सिस्टम तुरंत आपका कार्ड बना देगा, जिसे आप उसी चैट विंडो से डाउनलोड कर सकेंगे।

कभी-कभी, प्रोसेस को पूरा करने से पहले सिस्टम थोड़ा और वेरिफिकेशन मांग सकता है, इसलिए यह पक्का कर लें कि आप जो भी जानकारी भर रहे हैं, वह आपके सरकारी डॉक्यूमेंट्स से बिल्कुल मेल खाती हो, क्योंकि छोटी-मोटी गलतियों से देरी हो सकती है।

जब भी आधार नंबर और OTP से जुड़ी कोई सरकारी प्रक्रिया शुरू होती है, तो फ्रॉड करने वाले भी सक्रिय हो जाते हैं, और इस मामले में भी ऐसा ही है। हेल्थ अधिकारियों ने जोर देकर कहा है कि लोग सिर्फ ऊपर दिए गए ऑफिशियल नंबर पर ही संपर्क करें, किसी और पर नहीं। आयुष्मान कार्ड के लिए मदद का दावा करने वाले किसी भी व्यक्ति के साथ कभी भी OTP, आधार की जानकारी या कोई निजी जानकारी शेयर न करें, खासकर तब जब वे पैसे मांगें। यह पूरी तरह से एक मुफ्त सरकारी सेवा है।

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Published By:
 Kunal Verma
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