अपडेटेड 6 March 2026 at 17:56 IST
Iran-Israel War: युद्ध में आएगा खतरनाक मोड़? मिडिल ईस्ट में टारगेट पर हमला करने में रूस कर रहा ईरान की मदद- अमेरिकी मीडिया का दावा
अमेरिकी एयरक्राफ्ट और उसके मिलिट्री बेस पर हमला करने के लिए रूस ईरान को खुफिया जानकारियां मुहैया करा रहा है।
अमेरिकी मीडिया ने ईरान-इजरायल युद्ध को लेकर एक बड़ा दावा किया है। तीन अधिकारियों के सूत्रों के हवाले से अमेरिकी मीडिया ने लिखा है कि अमेरिकी एयरक्राफ्ट और उसके मिलिट्री बेस पर हमला करने के लिए रूस ईरान को खुफिया जानकारियां मुहैया करा रहा है।
आपको बता दें कि अमेरिकी मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, यह पहला संकेत है कि अमेरिका का एक और बड़ा दुश्मन, भले ही अप्रत्यक्ष रूप से, इस युद्ध में हिस्सा ले रहा है।
क्या है मामला?
अमेरिकी मीडिया ने लिखा है कि, "ईरान को मिलने वाली यह मदद, जिसके बारे में पहले रिपोर्ट नहीं किया गया था, यह इशारा करती है कि तेजी से बढ़ रहे इस झगड़े में अब अमेरिका के मुख्य न्यूक्लियर-आर्म्ड कॉम्पिटिटर में से एक शामिल है, जिसके पास बेहतरीन इंटेलिजेंस क्षमताएं हैं। शनिवार को लड़ाई शुरू होने के बाद से, रूस ने ईरान को अमेरिकी मिलिट्री एसेट्स, जिसमें वॉरशिप और एयरक्राफ्ट शामिल हैं, की लोकेशन बता दी है।
चीन का क्या स्टैंड है?
ईरान के लिए रूस के सपोर्ट से वाकिफ दो अधिकारियों ने कहा कि दोनों देशों के बीच करीबी रिश्तों के बावजूद, चीन ईरान की डिफेंस में मदद करता हुआ नहीं दिख रहा है। आपको बता दें कि बीजिंग ने भी झगड़े को खत्म करने की अपील की है।
दूसरी ओर, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने कहा कि कुछ देशों ने जंग रोकने के लिए बीच-बचाव की कोशिशें शुरू कर दी हैं।पेजेशकियन ने X पर एक पोस्ट में कहा, "साफ कह दें: हम इस इलाके में हमेशा शांति बनाए रखने के लिए कमिटेड हैं, फिर भी हमें अपने देश की इज्जत और आजादी की रक्षा करने में कोई हिचकिचाहट नहीं है।" उन्होंने यह नहीं बताया कि बीच-बचाव की कोशिशों में कौन से देश शामिल थे।
उन्होंने कहा कि मध्यस्थता उन लोगों पर होनी चाहिए जिन्होंने ईरानी लोगों को कम आंका और इस संघर्ष को भड़काया।
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 6 March 2026 at 17:33 IST