'ईरान को खत्म कर दूंगा, हर एक पावरप्लांट और ब्रिज को तबाह कर दूंगा', डोनाल्ड ट्रंप ने फिर दी धमकी, बोले- अब मैं Nice Guy नहीं...
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को कहा कि अमेरिकी प्रतिनिधि ईरान के साथ बातचीत के लिए पाकिस्तान के इस्लामाबाद जा रहे हैं।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को कहा कि अमेरिकी प्रतिनिधि ईरान के साथ बातचीत के लिए पाकिस्तान के इस्लामाबाद जा रहे हैं; साथ ही उन्होंने तेहरान पर होर्मुज जलडमरूमध्य में संघर्ष-विराम समझौते का उल्लंघन करने का आरोप भी लगाया।
ट्रंप ने यह भी दावा किया कि इस रणनीतिक जलमार्ग के आसपास ईरान की कार्रवाई बिल्कुल उचित नहीं थी।
सोशल मीडिया पर किया पोस्ट
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, "ईरान ने कल होर्मुज जलडमरूमध्य में गोलियां चलाने का फैसला किया। यह हमारे युद्धविराम समझौते का पूरी तरह से उल्लंघन है! उनमें से कई गोलियां एक फ्रांसीसी जहाज और यूनाइटेड किंगडम के एक मालवाहक जहाज को निशाना बनाकर चलाई गई थीं। यह बिल्कुल भी अच्छा नहीं था, है ना? मेरे प्रतिनिधि इस्लामाबाद, पाकिस्तान जा रहे हैं। वे कल शाम वहां बातचीत के लिए पहुंचेंगे। ईरान ने हाल ही में घोषणा की कि वे जलडमरूमध्य को बंद कर रहे हैं, जो कि अजीब बात है, क्योंकि हमारी नाकेबंदी (BLOCKADE) ने इसे पहले ही बंद कर दिया है। वे अनजाने में हमारी मदद कर रहे हैं, और इस मार्ग के बंद होने से नुकसान उन्हीं का हो रहा है। हर दिन 500 मिलियन डॉलर का! संयुक्त राज्य अमेरिका का इसमें कोई नुकसान नहीं है। असल में, कई जहाज अभी अमेरिका, टेक्सास, लुइसियाना और अलास्का, की ओर जा रहे हैं ताकि वहां से माल लाद सकें; यह सब IRGC की 'मेहरबानी' से हो रहा है, जो हमेशा खुद को "कठोर" (tough guy) दिखाने की कोशिश में रहता है!
उन्होंने आगे लिखा, हम एक बहुत ही निष्पक्ष और उचित समझौता (DEAL) पेश कर रहे हैं, और मुझे उम्मीद है कि वे इसे स्वीकार कर लेंगे; क्योंकि अगर वे ऐसा नहीं करते हैं, तो संयुक्त राज्य अमेरिका ईरान के हर एक पावर प्लांट और हर एक पुल को तबाह कर देगा। अब और "नरमी" (Mr. Nice Guy) नहीं चलेगी! वे बहुत तेजी से और आसानी से घुटने टेक देंगे; और अगर वे इस समझौते को नहीं मानते हैं, तो जो कुछ भी करना जरूरी है, उसे करना मेरे लिए गर्व की बात होगी, ऐसा काम जो पिछले 47 सालों में दूसरे राष्ट्रपतियों द्वारा ईरान के साथ किया जाना चाहिए था। अब ईरान की इस "तबाही की मशीन" (Killing Machine) को खत्म करने का समय आ गया है!"