अपडेटेड 19 March 2026 at 21:08 IST

US-Iran War: ट्रंप के 'तेवर' पर बड़ा वार, ईरान ने पहली बार अमेरिका के F-35 फाइटर जेट पर किया हमला; रिपोर्ट में दावा

एक अमेरिकी F-35 लड़ाकू विमान ने मध्य पूर्व में स्थित एक अमेरिकी एयरबेस पर आपातकालीन लैंडिंग की है। माना जा रहा है कि इस विमान पर ईरान की ओर से हमला किया गया था।

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प्रतीकात्मक तस्वीर | Image: Republic

एक अमेरिकी F-35 लड़ाकू विमान ने मध्य पूर्व में स्थित एक अमेरिकी एयरबेस पर आपातकालीन लैंडिंग की है। माना जा रहा है कि इस विमान पर ईरान की ओर से हमला किया गया था।

इससे पहले ट्रंप के रक्षा मंत्री ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि अमेरिका ईरान के खिलाफ युद्ध जीत रहा है। हालांकि, हालिया रिपोर्ट्स अमेरिका के दावों को झूठा साबित करती हुई नजर आ रही है।

सेट्रल कमांड ने क्या कहा?

US सेंट्रल कमांड के प्रवक्ता कैप्टन टिम हॉकिन्स ने बताया कि पांचवीं पीढ़ी का स्टेल्थ जेट "ईरान के ऊपर एक कॉम्बैट मिशन पर था," जब उसे इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी। हॉकिन्स ने कहा कि विमान सुरक्षित रूप से उतर गया और इस घटना की जांच चल रही है।

हॉकिन्स ने आगे कहा, "विमान सुरक्षित रूप से उतर गया और पायलट की हालत स्थिर है।" आपको बता दें कि यह पहली बार होगा जब ईरान ने फरवरी के आखिर में शुरू हुए युद्ध में किसी अमेरिकी विमान को निशाना बनाया है। इस संघर्ष में US और इजराइल, दोनों ही F-35 विमानों का इस्तेमाल कर रहे हैं; इस विमान की कीमत $100 मिलियन से भी ज्यादा है।

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रक्षा मंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में क्या कहा?

गुरुवार को पेंटागन में हुई प्रेस ब्रीफिंग के दौरान, अमेरिका के शीर्ष सैन्य अधिकारियों ने एक साथ कहा कि मध्य पूर्व में अमेरिकी सेना और उसके सहयोगियों पर हमला करने की ईरान की क्षमता लगातार कमजोर होती जा रही है। साथ ही उन्होंने यह भी माना कि युद्ध के 19वें दिन में प्रवेश करने के बावजूद, ईरान के पास अभी भी ऐसा करने की क्षमता मौजूद है।

ब्रीफिंग के दौरान जॉइंट चीफ्स के चेयरमैन जनरल डैन केन ने कहा, "वे इस लड़ाई में भारी मात्रा में हथियारों के साथ उतरे थे। उनके पास अभी भी कुछ क्षमता बची हुई है।"

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ब्रीफिंग के दौरान रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा, "जैसा कि मैंने पहले दिन से ही कहा है, हमारी क्षमताएं लगातार बढ़ रही हैं, जबकि ईरान की क्षमताएं लगातार कमजोर होती जा रही हैं।" बाद में उन्होंने यह भी जोड़ा कि अमेरिका, ईरान की ड्रोन और मिसाइलें लॉन्च करने की क्षमता को "ऐतिहासिक" स्तर पर "नष्ट और कमजोर" कर रहा है।

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Published By : Kunal Verma

पब्लिश्ड 19 March 2026 at 21:00 IST