Pahalgam: 'पानी रोका तो जंग...', NSC की हाईलेवल मीटिंग के बाद पाकिस्तान की गीदड़ भभकी; भारत के लिए हवाई क्षेत्र बंद का ऐलान
Pahalgam: पहलगाम हमले के बाद भारत के एक्शन से तिलमिलाए पाकिस्तान ने गीदड़ भभकी देते हुए भारत के लिए हवाई क्षेत्र बंद करने का ऐलान किया।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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Pakistan NSC Meeting: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत के एक्शन से पाकिस्तान थर्रा गया और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने NSC की तत्काल बैठक बुलाई। इस बैठक में प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के साथ पाकिस्तान ऑर्मी के तीनों सेना प्रमुख और आईएसआई के चीफ भी शामिल थे। दोनों देशों के बीच एक बार फिर से तनाव चरम पर है। वहीं बैठक के बाद पाकिस्तान ने गीदड़ भभकी दी और कहा कि अगर पानी रोका जाता है तो युद्ध होगा। इसके साथ ही पाकिस्तान ने भारत के लिए हवाई सेवा बंद करने का ऐलान कर दिया।
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की ओर से बयान जारी कर बताया गया कि बैठक में भाग लेने वालों ने राष्ट्रीय सुरक्षा माहौल और क्षेत्रीय स्थिति, खासकर पहलगाम हमलेको लेकर चर्चा की। बयान में कहा गया, "पर्यटकों की जान जाने पर चिंता व्यक्त करते हुए समिति ने 23 अप्रैल 2025 को घोषित भारतीय उपायों की समीक्षा की और उन्हें एकतरफा, अन्यायपूर्ण, राजनीति से प्रेरित, बेहद गैरजिम्मेदाराना और कानूनी योग्यता से रहित बताया।"
सिंधु जल संधि पर लगी रोक तो तिलमिलाया पाकिस्तान
सिंधु जल संधि को निलंबित करने के भारत के फैसले से पाकिस्तान बौखलाया हुआ था। तिलमिलाए पाकिस्तान ने सिंधु जल संधि को स्थगित करने को लेकर कहा, "सिंधु जल संधि के अनुसार पाकिस्तान के जल के प्रवाह को रोकने या मोड़ने का कोई भी प्रयास, और निचले तटवर्ती क्षेत्र के अधिकारों का हनन युद्ध की कार्रवाई मानी जाएगी और राष्ट्रीय शक्ति के पूरे स्पेक्ट्रम के माध्यम से पूरी ताकत से इसका जवाब दिया जाएगा।"
भारत संधि स्थगित नहीं कर सकता: फवाद चौधरी
सिंधु और सहायक नदियां चीन, भारत और पाकिस्तान से होकर बहती हैं। सिंधु जल संधि (Indus Waters Treaty) पर रोक लगाने की अहमियत पाकिस्तान भली-भांती जानता है। सिंधु और सहायक नदियों का पानी पाकिस्तान की लाइफ लाइन कहा जाता है। भारत के पानी पर रोक लगाते ही पाकिस्तान के लोग पानी के लिए तरस जाएंगे। ये ही वजह है कि भारत के फैसले से पाकिस्तान तिलमिला गया है। पाकिस्तान के पूर्व सूचना एवं विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री फवाद चौधरी ने भारत के फैसले पर हैरानी जताते हुए कहा, "अंतर्राष्ट्रीय कानून के तहत भारत संधि को स्थगित नहीं कर सकता। यह संधि कानून का घोर उल्लंघन होगा, इसका असर पंजाब और सिंध के गरीब किसानों पर पड़ेगा।"