अपडेटेड 7 January 2026 at 19:52 IST
कहां का 'खूनी मेनिफेस्टो' लिखने की तैयारी कर रहा पाकिस्तान? आतंक के गढ़ PAK में हमास और लश्कर-ए-तैयबा की हुई मीटिंग, VIDEO VIRAL
पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज आने का नाम नहीं ले रहा। हाल ही में पाकिस्तान में हमास और लश्कर-ए-तैयबा के कमांडरों की एक बड़ी बैठक सामने आई है
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज आने का नाम नहीं ले रहा। हाल ही में पाकिस्तान में हमास और लश्कर-ए-तैयबा के कमांडरों की एक बड़ी बैठक सामने आई है। यह मुलाकात पाकिस्तान के गुजरांवाला शहर में हुई। यहां हमास के सीनियर नेता नाजी जहीर और लश्कर कमांडर राशिद अली संधू एक ही मंच पर नजर आए थे। यह मीटिंग पाकिस्तान मरकजी मुस्लिम लीग (पीएमएमएल) के एक कार्यक्रम में हुई। ये लश्कर-ए-तैयबा का राजनीतिक चेहरा माना जाता है। नजी जहीर मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुआ, जबकि संधू पीएमएमएल के नेता के रूप में मौजूद था।
यह घटना तब सामने आई है, जब पाकिस्तान गाजा में अंतरराष्ट्रीय शांति सेना में अपने सैनिकों को तैनात करने की तैयारी कर रहा है। असीम मुनीर ने इसके लिए बड़ी प्लानिंग भी की हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, हमास आतंकी नाजी जहीर ने गुजरांवाला में लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर राशिद अली संधू से मुलाकात की। इसे दोनों आतंकी संगठनों के बीच नए सिरे से जुड़ाव के तौर पर देखा जा रहा है।
भारत के खिलाफ जहर उगल चुका ह नाजी जहीर
नजी जहीर वही हमास नेता है, जिसने फरवरी 2025 में पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) का दौरा किया था। यह दौरा पहलगाम आतंकी हमले से ठीक कुछ हफ्ते पहले हुआ है। इस जगह ही उसने लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के कमांडरों के साथ मिलकर भारत विरोधी रैली को संबोधित किया। उसके पाकिस्तान से रिश्ते काफी पुराने हैं। जनवरी 2024 में उसने कराची का दौरा किया और वहां कराची प्रेस क्लब में मीडिया से बात की। अप्रैल 2024 में वह इस्लामाबाद पहुंचा था। जहां इस्लामाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन ने उसका सम्मान किया था।
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साल 2023 के बाद से लगातार पाकिस्तान आ जा रहा है नाजी जहीर
7 अक्टूबर 2023 को इजराइल में हुए आतंकी हमले के ठीक एक हफ्ते बाद 14 अक्टूबर को नाजी जहीर पाकिस्तान पहुंचा था। उस दौरान उसने पाकिस्तान की बड़ी इस्लामी पार्टी जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम के चीफ मौलाना फजलुर रहमान से मुलाकात की थी। इसके बाद 29 अक्टूबर 2023 को जहीर बलूचिस्तान के क्वेटा में अल-अक्सा स्टॉर्म कॉन्फ्रेंस में शामिल हुआ था। नवंबर 2023 में कराची में हुई तूफान-ए-अक्सा कॉन्फ्रेंस में भी वे खालिद मशाल के साथ मंच साझा करते नजर आया था।
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भारत के लिए चिंता की बात
हमास एक खूंखार आतंकी संगठन है, जिसका उद्देश्य इजरायल का नाश है। वहीं, लश्कर-ए-तैयबा और पाकिस्तान के दूसरे आतंकी संगठन भारत को अपना सबसे बड़ा दुश्मन मानते हैं। हमास के पास कई शक्तिशाली हथियार और उनकी तकनीकें हैं, जिसका इस्तेमाल वह इजरायल के खिलाफ करता है। इसमें गाजा में हमास का सुरंग नेटवर्क भी शामिल है, जिससे इजरायल को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा। ऐसे में अगर ये हथियार या सुरंग बनाने की एडवांस तकनीक लश्कर जैसे खूंखार आतंकी संगठन के हाथ लगती है तो इससे भारत की चिंता बढ़ सकती है।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 7 January 2026 at 19:52 IST