'किसी भी कीमत पर ईरान को मैं...', स्विट्जरलैंड में वार्ता के बीच नेतन्याहू का पारा हाई, बोले- जब तक मैं इजरायल का प्रधानमंत्री हूं...
प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने फिर कहा है कि इजरायल ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने या अपने प्रॉक्सी हिज्बुल्लाह पर सैन्य दबाव बनाए रखने के मामले में कोई समझौता नहीं करेगा।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
- 3 min read

प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने फिर कहा है कि इजरायल ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने या अपने प्रॉक्सी हिज्बुल्लाह पर सैन्य दबाव बनाए रखने के मामले में कोई समझौता नहीं करेगा। स्विट्जरलैंड में आज हुई अमेरिका-ईरान बातचीत से यरूशलेम में इस बात को लेकर चिंता बढ़ गई है कि इससे इजरायल की कार्रवाई की आजादी पर रोक लग सकती है।
प्रधानमंत्री ने हिब्रू भाषा में अपने भाई योनी नेतन्याहू की मौत की 50वीं बरसी पर आयोजित एक कार्यक्रम में कहा, "ईरान के मामले में: चाहे कोई भी कूटनीतिक घटनाक्रम हो, मैं ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दूंगा। जब तक मैं इजरायल का प्रधानमंत्री हूं, ऐसा नहीं होगा।" योनी नेतन्याहू एंटेबे बंधक बचाव अभियान के दौरान एक खास IDF फोर्स का नेतृत्व करते हुए मारे गए थे।
उन्होंने कहा, "योनी, तुम्हारी शहादत के बाद से ही मैंने अपना जीवन इस पवित्र मिशन के लिए समर्पित कर दिया है।" उन्होंने संकल्प लिया कि इजरायल "हमारे अहम राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए मजबूती से खड़ा रहेगा।"
'हम उन्हें छोड़ेंगे नहीं'
उन्होंने अपनी बात दोहराई कि उन्होंने पिछले साल ईरान के खिलाफ इजरायल के अभियान इसलिए शुरू किए थे ताकि "ईरान की बुरी सरकार से पैदा हुए विनाश के तत्काल खतरे को खत्म किया जा सके।" उन्होंने आगे कहा, "अगर हमने कार्रवाई नहीं की होती, तो उनके पास पहले ही परमाणु बम होते और वे उनका इस्तेमाल भी कर चुके होते।"
Advertisement
उन्होंने कहा, "हमने बहुत बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं और हम उन्हें छोड़ेंगे नहीं। हम दक्षिणी लेबनान के सुरक्षा क्षेत्र में तब तक बने रहेंगे जब तक कि उत्तर के कीमती निवासियों और इजरायल के सभी नागरिकों की रक्षा के लिए जरूरी हो। इजरायल के प्रधानमंत्री के तौर पर मैं इस बात पर साफ तौर पर जोर देता हूं और कोई भी चीज इसे बदल नहीं सकती।"
ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर कोई चर्चा नहीं हुई
ईरान के सरकारी टेलीविजन की रिपोर्ट के अनुसार, स्विट्जरलैंड में पाकिस्तान और कतर की मध्यस्थता में हो रही अमेरिका-ईरान बातचीत कुछ समय के लिए रोक दी गई है। साथ ही, यह भी कहा गया है कि इस दौरान ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर कोई चर्चा नहीं हुई।
Advertisement
सरकारी प्रसारक का कहना है कि "80 मिनट तक चली बातचीत के पहले दौर में ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर कोई बातचीत नहीं हुई।" प्रसारक ने आगे बताया कि बातचीत का मुख्य फोकस तेहरान और वॉशिंगटन के बीच हुए समझौते (मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग) को लागू करने और लेबनान के हालात पर था।