'ठीक हो जाओ, फिर सिखाऊंगा लड़ना कैसे है...' जब UAE के राष्ट्रपति ने कैप्टन स्मित मच्छार को गले लगाकर कही ये बात; जानें भारतीय पायलट का जवाब
वह पल बेहद भावुक कर देने वाला था। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान फ्लाईदुबई के क्रू सदस्यों से घिरे हुए थे, जिनमें कैप्टन स्मित मच्छार भी शामिल थे। राष्ट्रपति ने उनसे बेहद अपनेपन और गर्मजोशी के साथ कहा कि आपकी जिंदगी में चाहे जो भी हुआ हो, लेकिन UAE आपका अपना देश है। यहां आपके रहने के लिए एक घर और हमेशा साथ निभाने वाला परिवार मौजूद है।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
- 4 min read

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से एक ऐसी दिल को छू लेने वाली तस्वीर सामने आई है, जिसने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। फ्लाईदुबई (Flydubai) के भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मछार ने आसमान की बुलंदियों पर अदम्य साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए एक बड़ी आपदा को टाल दिया था। उनके इसी असाधारण शौर्य और बहादुरी के सम्मान में UAE सरकार ने उन्हें देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मान 'फर्स्ट क्लास ऑर्डर ऑफ जायद II' से नवाजा है। सम्मान समारोह के दौरान UAE के राष्ट्रपति का एक खास अंदाज चर्चा का विषय बना हुआ है, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया है।
राष्ट्रपति का खास अंदाज- 'बताऊंगा कि लड़ते कैसे हैं'
सम्मान समारोह के दौरान जब कैप्टन स्मित मछार पुरस्कार लेने पहुंचे, तो उनके बाएं हाथ पर मोटी सफेद पट्टियां बंधी थीं और सिर पर गंभीर चोट के निशान साफ झलक रहे थे। स्थिति को भांपते हुए UAE के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने आगे बढ़कर कैप्टन को गले लगा लिया। राष्ट्रपति ने उनके पट्टी बंधे हाथ को देखते हुए पूछा कि वे कब तक पूरी तरह ठीक हो जाएंगे। कैप्टन स्मित ने जवाब दिया, 'शायद दो महीने में।' इस पर राष्ट्रपति मुस्कुराए और बड़े ही आत्मीय अंदाज में बोले, 'तो मेरे पास एक विचार है। जब आप ठीक हो जाएं, तो मैं आपके साथ एक सेशन करना चाहता हूं, जिसमें मैं आपको बताऊंगा कि लड़ते कैसे हैं।'हवा में मौत को मात देने वाले और हमलावर का डटकर मुकाबला करने वाले कैप्टन के लिए यह एक बेहद खास और यादगार पल था। उन्होंने विनम्रता से जवाब दिया कि यह उनके लिए बहुत बड़े सम्मान की बात है।
'UAE आपका अपना घर है'
इस गरिमामयी कार्यक्रम में दुबई के शासक, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम भी मौजूद रहे। उन्होंने फ्लाइट के क्रू मेंबर के हर एक सदस्य से हाथ मिलाया और उनकी पीठ थपथपाते हुए कहा, 'बहुत बढ़िया, बहुत बढ़िया।'
इसके बाद UAE के राष्ट्रपति ने पूरी टीम को अपने पास बुलाया और स्नेहपूर्वक कहा, 'साथियो, यहां आइए। आपकी जिंदगी में जो कुछ भी हुआ हो, UAE आपका अपना देश है। यहां आपके लिए एक घर है और यहां आपका एक परिवार है।' राष्ट्रपति के इन शब्दों ने क्रू मेंबर्स की आंखों में खुशी के आंसू ला दिए। इस पूरे पल के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिन्हें लोग खूब पसंद कर रहे हैं।
फ्लाईदुबई की फ्लाइट में क्या हुआ था?
यह पूरी घटना पिछले महीने यानी 30 सितंबर 2026 की है, जब फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 दुबई से इजरायल के तेल अवीव के लिए रवाना हुई थी। विमान में 170 से अधिक यात्री और क्रू मेंबर्स सवार थे। अचानक उड़ान के दौरान को-पायलट ने कॉकपिट के अंदर ही कैप्टन स्मित मछार पर इमरजेंसी क्रैश एक्स से हमला कर दिया। इस अचानक हुए जानलेवा हमले में कैप्टन के सिर पर गंभीर चोटें आईं और अत्यधिक खून बहने लगा। स्थिति इतनी भयानक थी कि हमलावर की हरकतों के कारण विमान महज 30 सेकंड के भीतर करीब 14,000 फीट नीचे आ गया।
Advertisement
कैप्टन स्मित की सूझबूझ से बची सैकड़ों जानें
गंभीर रूप से घायल और लहूलुहान होने के बावजूद, कैप्टन स्मित मछार ने होश नहीं खोया। उन्होंने गजब की मानसिक दृढ़ता का परिचय देते हुए कॉकपिट का दरवाजा खुलवाने का रास्ता बनाया। उनकी इस सूझबूझ से अन्य क्रू सदस्यों और यात्रियों को समय पर कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर पर काबू पाने का मौका मिल गया।
इसके बाद विमान में मौजूद अन्य पायलटों की मदद से इस संकट से जूझती हुई उड़ान को सऊदी अरब के ताबुक शहर में सुरक्षित उतार लिया गया। यदि कैप्टन स्मित उस वक्त जरा भी हिम्मत हार जाते, तो 174 से अधिक लोगों की जान खतरे में पड़ सकती थी। आज उनकी इसी बहादुरी के कारण भारत और UAE दोनों देशों में उन्हें नायक के रूप में देखा जा रहा है।