बेंगलुरु में IPL मैचों पर संकट! NGT रख रहा निगरानी, जानें क्या है पूरा मामला

बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में IPL मैचों पर संकट आ गया है। दरअसल नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल यानि NGT यहां होने वाले मैचों को लेकर हरकत में आया है।

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Bengaluru Chinnaswamy Stadium
बेंगलुरु में होने वाले IPL मैचों पर NGT का निगरानी | Image: IPL

IPL 2024: विराट कोहली की रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) इस सीजन में भी मुसीबतों का सामना कर रही है। RCB ने सीजन में अब तक 4 मुकाबले खेले हैं और महज एक जीता है। 3 हार के साथ RCB इस वक्त प्वॉइंट्स टेबल में आठवें नंबर पर है। खैर ये तो रही फ्रेंचाइजी की बात, बात बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम की करें तो इस पर भी संकट आ गया है। 

बेंगलुरु के इस मैदान पर IPL मैच संकट के घेरे में हैं। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) यहां होने वाले मैचों की निगरानी रख रहा है। ऐसा क्यों है, इसकी वजह जान लीजिए। 

पानी के इस्तेमाल को लेकर NGT सख्त

दरअसल नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने बेंगलुरु शहर में पानी के बढ़ते संकट के बीच कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ (KSCA) और अन्य संबंधित राज्य अधिकारियों को यहां IPL मुकाबलों के दौरान इस्तेमाल किए जाने वाले पानी की जानकारी का ब्यौरा देने को कहा है। NGT ने राज्य क्रिकेट संघ के अलावा बेंगलुरु जल आपूर्ति और सीवरेज बोर्ड (BWSSB) और कर्नाटक राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (KSPCB) से भी पानी के स्रोत और इसकी मात्रा के बारे में दो मई तक जानकारी सौंपने को कहा है।

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KSCA के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) शुभेंदू घोष ने कहा-

हमने नोटिस देख लिया है और वैसे स्टेडियम एनजीटी के नियमों का पालन करता है, इसलिए हमें मुकाबलों के आयोजित होने का भरोसा है। 

ट्रीट पानी की सप्लाइ के बाद हरकत में आया NGT

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IPL मुकाबलों के दौरान चिन्नास्वामी स्टेडियम को ‘ट्रीट’ (किसी प्रक्रिया से स्वच्छ किया गया) पानी की सप्लाई मिलने की रिपोर्ट आने के बाद एनजीटी ने स्वत: संज्ञान लिया। बता दें कि इस स्टेडियम में 3 मैच पहले ही खेले जा चुके हैं और पता लगा है कि हर मैच के लिए 75,000 लीटर ‘ट्रीट’ पानी का इस्तेमाल किया गया। स्टेडियम में 4 और IPL मैच खेले जाने हैं, जो 15 अप्रैल, चार मई, 12 मई और 18 मई को होंगे। 

NGT चेयरपर्सन न्यायमूर्ति प्रकाश श्रीवास्तव और डाक्टर ए सेंथिल वे (विशेषज्ञ सदस्य) ने मामला दर्ज कर लिया है। कर्नाटक सरकार ने पौधों में पानी देने, वाहनों को धोने तथा अन्य कई कामों के लिए पीने के पानी के इस्तेमाल पर सख्त प्रतिबंध लगाया हुआ है। कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन के अधिकारियों ने कहा कि वो पिच या आउटफील्ड पर पानी देने के लिए न तो पीने के पानी और न ही भूजल का इस्तेमाल कर रहे हैं।

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Published By:
 DINESH BEDI
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