Diwali Katha 2024: दिवाली की पूजा में जरूर पढ़ें ये कथा, खुश होते हैं लक्ष्मी-गणेश जी
Diwali Katha 2024: दिवाली के दिन मां लक्ष्मी और गणेश जी की पूजा करने का रिवाज है। वहीं इस दिन यदि व्रत कथा पढ़ी जाए तो शुभ माना जाता है। जानते हैं...
- धर्म और अध्यात्म
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Diwali Katha 2024: बता दें, इस बार दिवाली का त्योहार 31 अक्टूबर दिन गुरुवार को मनाया जा रहा है। इस दिन न केवल मां लक्ष्मी की पूजा की जाती है बल्कि उनके साथ गणेश जी की पूजा की जाती है। ऐसे में बता दें कि पूजा के दौरान यदि व्रत कथा को पढ़ा जाए और सुना जाए तो इससे कई लाभ हो सकते हैं।
आज का हमारा लेख इसी व्रत कथा पर है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि मां लक्ष्मी और गणेश जी की कौन सी व्रत कथा को पूजा के दौरान पढ़नी चाहिए। पढ़ते हैं आगे…
लक्ष्मी जी की जरूरी कथा
पौराणिक कथा के मुताबिक, एक बार एक साहूकार और अपनी पत्नी के साथ एक गांव में रहता था। उसकी एक बेटी भी थी। बेटी रोजाना पीपल के पेड़ के पास जाती थी और दीपक जलाती थी। एक बार जब बेटी पीपल के पेड़ के नीचे दीपक जलाने पहुंची तो मां लक्ष्मी ने साहूकार की बेटी को दर्शन दिए।
मान्यता है कि पीपल के पेड़ के नीचे मां लक्ष्मी का वास होता है। मां लक्ष्मी ने दर्शन बेटी की श्रद्धा और भक्ति से प्रसन्न होकर दिए थे। ऐसे में मां लक्ष्मी ने उसे अपनी दोस्त बना लिया और सोने चांदी के बर्तन में भोजन करवाया। ऐसे में बेटी ने भी मां लक्ष्मी को अपने घर में न्यौता दिया। बेटी ने सब कुछ घर जाकर बताया तो माता-पिता लक्ष्मी जी के स्वागत की तैयारी में लग गए। चूंकि साहूकार बेहद गरीब था ऐसे में बेटी को बहुत दुख हुआ कि माता लक्ष्मी का वैभव बहुत बड़ा है और वह उन्हें प्रसन्न नहीं कर पाएगी।
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लेकिन पिता ने बेटी को समझाया कि तू दुखी मत हो बस एक चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर थोड़े से फूल डालकर मां को श्रद्धा मन से पुकारो। बेटी ने ऐसा ही किया तो मां लक्ष्मी प्रकट हो गईं। मां लक्ष्मी ने मिट्टी के बर्तनों में सादा भोजन किया। लेकिन बेटी की भक्ति से वह इतना प्रसन्न हुईं कि उन्होंने घर की गरीबी दूर कर दी। कहते हैं जिस प्रकार माता ने साहूकार के बेटे के घर की गरीबी दूर की और उसे धन संपदा से संपन्न कर दिया। उसी प्रकार मैया हमें भी यही आशीर्वाद दें।
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Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सिर्फ अलग-अलग सूचना और मान्यताओं पर आधारित है। REPUBLIC BHARAT इस आर्टिकल में दी गई किसी भी जानकारी की सत्यता और प्रमाणिकता का दावा नहीं करता है।