'आज 20% हैं तो कुर्बानी करते हैं, जिस दिन 40% ...', गाजियाबाद में सूर्या हत्याकांड के आरोपी असद के एनकाउंटर पर सवाल उठाने वालों को संगीत सोम का जवाब
Ghaziabad: बकरीद के दिन खोड़ा इलाके में 17 साल के सूर्या चौहान की चाकू से गोदकर निर्मम हत्या कर दी गई है। पुलिस ने मामले के मुख्य आरोपी असद को एनकाउंटर में ढेर कर दिया है।
- भारत
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Sangeet Som on Asad Encounter: गाजियाबाद के सूर्या चौहान हत्याकांड का मुख्य आरोपी असद एनकाउंटर में ढेर हो गया है। आरोपी शहर छोड़ने भागने की प्लानिंग में था। जैसे ही पुलिस ने घेरा तो उसने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में वह मारा गया। इस एनकाउंटर पर बीजेपी नेता संगीत सोम का रिएक्शन सामने आया है। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाने वालों को आड़े हाथों लिया।
मेरठ से बीजेपी नेता संगीत सोम ने कहा कि गाजियाबाद में असद के एनकाउंटर पर सवाल उठाने वालों से मेरा एक सवाल है। सांप के बच्चे को आप मेनना कहोगे? मौका मिलते वह डंसेगा। सूर्या के साथ असद और उसके दोस्तों वही किया। कुर्बानी दिखाने ले गए और उस बच्चे को काट-मार डाला। उन्होंने आगे यह भी कहा कि आज 20% हैं तो कुर्बानी करते हैं, जिस दिन 40% होंगे, कत्लेआम करेंगे।
कैसे हुआ असद का एनकाउंटर?
50 हजार रुपये का इनामी आरोपी असद 28 मई को बकरीद के दिन हुए चाकूबाजी कांड के बाद से फरार था। पुलिस को सूचना मिली थी कि असद अपने किसी दोस्त से पैसे लेने के लिए खोड़ा इलाके में आने वाला है, जिसके बाद उसका शहर छोड़ने का प्लान था। पुलिस ने उसे दबोचने के लिए एक जाल बिछाया।
असद मोटरसाइकिल पर सवार होकर जैसे ही पहुंचा, पुलिस ने उसे दबोच लिया। इस दौरान उसके साथ एक और शख्स मौजूद था। पुलिस के मुताबिक उन्होंने असद से रुकने को कहा, लेकिन उसने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों पर सीधे फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस ने तुरंत जवाबी कार्रवाई की। दोनों तरफ से हुई इस फायरिंग में असद को गोली लग गई। वो गंभीर रूप से घायल हुआ, जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया है। इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। मुठभेड़ में एक पुलिस कॉन्स्टेबल भी घायल हुआ है।
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क्या है पूरा मामला?
घटना बकरीद के दिन 28 मई की है। दोपहर करीब साढ़े 3 बजे थाना क्षेत्र खोड़ा में नाबालिग हिंदू युवक सूर्या चौहान की चाकू से गोदकर हत्या हो गई है। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और गंभीर रूप से हुए घायल किशोर को अस्पताल में भर्ती कराया गया। 29 मई को दोपहर लगभग 12 बजे इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
घटना का मुख्य कारण करीब 8 महीने पुराना मामूली विवाद और पुरानी रंजिश थी। मुख्य आरोपी असद और उसके साथियों ने पुरानी रंजिश का बदला लेने के लिए बकरीद के दिन सूर्या को 'कुर्बानी देखने' के बहाने घर बुलाया था और चाकुओं से गोदकर उसकी हत्या कर दी।