UP: हमीरपुर में प्रेग्नेंट महिला प्रसव पीड़ा से तड़पती रही, नहीं मिली एंबुलेंस तो बैलगाड़ी से 3 घंटे में पूरा किया 7 किमी का सफर, VIDEO

यूपी में हमीरपुर के एक गांव में आज भी सड़क नहीं बनी है। हालात ऐसे हैं कि एक प्रेग्नेंट महिला को बैलगाड़ी से अस्पताल ले जाना पड़ा। ये 7 किलोमीटर का सफर 3 घंटे में तय हुआ। इस पूरे सफर में प्रेग्नेंट महिला दर्द से कराहती रही।

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Hamirpur pregnant woman video
बैलगाड़ी से अस्पताल पहुंची प्रेग्नेंट महिला | Image: Republic

Hamirpur pregnant woman video: यूपी के हमीरपुर से हैरान और परेशान कर देने वाली वीडियो सामने आया है। परसदवा डेरा गांव में सड़क न होने की वजह से प्रेग्नेंट महिला रेशमा को बैलगाड़ी से अस्पताल ले जाया गया। दर्दनाक बात यह है कि 7 KM का ये सफर 3 घेंटे से भी ज्यादा समय में तय हुआ और इस पूरे सफर में प्रेग्नेंट महिला दर्द से कराहती रही।

स्थनीय लोगों का कहना है कि गांव में सड़क नहीं है इसलिए लोगों को काफी परेशानियों का सामने करना पड़ता है। ग्रामीणों ने कई बार सड़क बनवाने की मागं की है लेकिन आज तक गांव में सड़क नहीं पहुंची। वीडियो सामने आने के बाद जिलाधिकारी घनश्याम मीणा ने कहा है कि, सड़क बनवाने को लेकर प्रस्ताव भेजा गया है, जल्दी गांव में सड़क ही समस्या का समाधान होगा।

स्वास्थ्य सेवाओं की चुनौतियां

यूपी में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति को सुधारने के लिए सरकार लगातार कई कदम उठा रही है। लेकिन अभी भी कई चुनौतियां बनी हुई हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की कमी एक बड़ी समस्या है। वहीं, जिलाधिकारी का कहना है कि, सड़क निर्माण के लिए प्रस्ताव भेजा जाएगा और जल्द ही समस्या का समाधान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सरकार कोशिश कर रही है। हमीरपुर में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति को सुधारने के लिए प्रशासनिक स्तर पर कई कदम उठाए जा रहे हैं। 

क्या है पूरा मामला ?

दरअसल, मामला शनिवार (25 अक्टूबर) का बताया जा रहा है, जब परसदवा डेरा गऊघाट छानी गांव की रेशमा को प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। कीचड़ और दलदल भरे रास्ते के कारण एम्बुलेंस नहीं आ पाई। जिसके बाद रेशमा के ससुर कृष्ण कुमार ने उन्हें बैलगाड़ी में लादकर अस्पताल पहुंचाया। इस संघर्ष के पीछे सालों से सड़क निर्माण न होना मुख्य कारण है।

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दलदली पगडंडी में भी करीब 500 से ज्यादा ग्रामीण ऐसी कच्ची सड़क वाला रास्ता पार करते हैं। बरसात में कीचड़ हो जाने की वजह से और भी भारी परेशानी का सामने करना पड़ता है। इसके अलावा, युवा समाजसेवी अरुण निषाद ने बताया कि 12 मार्च 2024 को सड़क की मांग को लेकर 6 दिन का अनिश्चितकालीन धरना दिया गया था। लेकिन उसके बाद भी सड़क नहीं बनी है।
 

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Published By:
 Sujeet Kumar
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