'अखिलेश जन्मदिन पर जितने में बर्मिंघम से रथ मंगाते थे, उतने में बच्चों का भविष्य सुधर जाता', CM योगी का तीखा प्रहार

सीएम योगी ने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर प्रहार करते हुए कहा कि 2017 से पहले क्या ये सच नहीं था कि ठेके पर नकल होती थी। बदनाम शिक्षा व्यवस्था होती थी। पहचान का संकट हमारे युवाओं के सामने आता था। यूपी पर प्रश्न खड़ा होता था।

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Yogi Adityanath attack Akhilesh Yadav
अखिलेश पर बरसे CM योगी: कहा-जनता हमेशा के लिए सपा को करेगी साफ | Image: X

CM Yogi: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज शिक्षक दिवस के मौके पर गोरखपुर में 81 शिक्षकों को सम्मानित किया। इस दौरान उन्होंने प्रोटोकॉल से अलग हटकर सभी को मंच पर बुलाकर सम्मानित किया। इस मौके पर उन्होंने अपना संबोधन दिया और सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि जितने में बर्मिंघम से रथ मंगवाए जाते थे, जितना पैसा सैफई महोत्सव पर खर्च किए जाते थे, उतने में तो शिक्षा व्यवस्था ही बदल जाती। बच्चों का भविष्य सुधर जाता। लेकिन ये सिर्फ सवाल खड़ा कर सकते हैं।

सीएम योगी ने कहा कि 2017 से पहले क्या ये सच नहीं था कि ठेके पर नकल होती थी। बदनाम शिक्षा व्यवस्था होती थी। पहचान का संकट हमारे युवाओं के सामने आता था। यूपी पर प्रश्न खड़ा होता था। भारत की सबसे बड़ी आबादी का राज्य  कटघरे में खड़ा होता था, लेकिन अब ऐसा नहीं है। आपने बदलते हुए यूपी को देखा होगा।

मशीन उत्तर दे सकती है, प्रश्न नहीं पूछ सकती- CM योगी 

उन्होंने आगे कहा कि बहुत सारे लोग पूछते हैं कि तकनीक आएगी तो क्या शिक्षक रह पाएंगे। उसका जवाब आसान है कि आपकी जगह कोई नहीं ले सकता। मशीन उत्तर जरूर दे सकती है, लेकिन प्रश्न करना नहीं सिखाती। प्रश्न पूछना तो केवल शिक्षक ही सिखाता है।

AI संस्कार नहीं दे सकता- CM योगी 

मुख्यमंत्री ने कहा कि AI संस्कार नहीं दे सकता। संस्कार तो सिर्फ शिक्षक ही दे सकता है। कांग्रेस को लगभग 6 दशक तक यूपी में शासन का मौका मिला था, इसके बावजूद वे कुछ नहीं कर पाए, लेकिन वही लोग आज एक बार फिर आप पर सवाल खड़े करने का प्रयास कर रहे हैं।

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'शिक्षा में राजनीति नहीं, बच्चों के भविष्य पर ध्यान दें'

इसके अलावा उन्होंने यह भी कहा कि राजनीति हर क्षेत्र में हो सकती है, लेकिन शिक्षा के क्षेत्र में राजनीति नहीं होनी चाहिए। विद्यालय बच्चों के भविष्य के निर्माण की जगह हैं। ऐसे में यहां शिक्षक का ध्यान किसी राजनीतिक विचार या स्वार्थ के बजाय बच्चों की शिक्षा, संस्कार और प्रतिभा निखारने पर होना चाहिए। शिक्षा जितनी मजबूत होगी, समाज और राष्ट्र की नींव उतनी ही मजबूत होगी।

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Published By:
 Priyanka Yadav
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