'मैं अपराधी, मुर्गी-किताब चोर हूं', अतीक-मुख्तार के साथ आजम खान ने खुद को भी बताया भू-माफिया; बोले- बस मैं जिंदा हूं, लेकिन कब तक...

करीब दो साल तक जेल में रहकर बाहर आने के बाद सपा के कद्दावर नेता आजम खान का दर्द साफ झलक रहा है। अब तो उन्होंने ऐसा बयान दिया है कि सियासी गलियारों में हलचल होना तय माना जा रहा है।

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Samajwadi Party leader Azam Khan
Samajwadi Party leader Azam Khan | Image: ANI

सपा के कद्दावर नेता आजम खान जेल से बाहर आने के बाद लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं। जेल से बाहर आने के बाद से  आजम खान ऐसे बयान दे रहे हैं जिससे यूपी की सियासी गलियारों में हलचल मचा जा रही है। उनके बयानों से उनका दर्द झलक रहा है। साथ ही ये पता चला रहा है कि सपा में कैसे उनकी उपेक्षा की गई। ताजा बयान में तो आजम खान ने खुद को अपराधी और भू-माफिया ही बता दिया।


समाजवादी पार्टी के नेता आजम खान ने कहा, "मुझे खुद से नराजगी है। मैं अपराधी हूं जिस पर कई मुकदमे हैं। मैंने किताबे चुराकर विश्वविद्यालय बनाया है मगर अपना घर नहीं बनाया है। मुझ पर डकैती की दफाएं लगी हैं। यहां तक कि मुर्गी चोरी के भी आरोप हैं। 1 मुकदमे में 21 साल की सजा और 34 लाख रुपए का जुर्माना लगा है, अभी 113 मुकदमों का फैसला बाकी है।"

मैं जिंदा हूं, मगर कब तक, ये मुझे भी नहीं पता- आजम खान

सपा नेता ने आगे कहा कि मेरी पहचान कद्दावर नेता के रूप में नहीं भू-माफिया के रूप में होती है। प्रदेश में तीन बड़े भू-माफिया हुए। पहला आजम खान, दूसरा अतीक अहमद और तीसरा मुख्तार अंसारी। आजम खान ने आगे जो कहा उससे सियासी गलियारों में हलचल होना तय है। सपा नेता ने कहा, 'प्रदेश के दो भू-माफिया मारे गए, मैं जिंदा हूं, मगर कब तक, ये मुझे भी नहीं पता l'

खुदगर्जी की वजह से मुझे जलील होना पड़ा

इससे पहले भी अपने राजनीतिक भविष्‍य पर पत्रकार के सवालों का जवाब देते हुए आजम ने कहा था कि मुझे तो मुलायम सिंह के निधन के बाद ही राजनीति को अलविदा कह देना चाहिए था। लेकिन मैं खुदगर्ज हो गया और इसी के चलते उन्‍हें बहुत जलील होना पड़ा। लोगों का दर्द आंखों में था और कुछ काम अधूरे थे, जिन्हें पूरा करने की जिद ने हमें बहुत जलील कराया। आजम खान ने ये भी कहा था कि अब तो ऐसी स्थिति है कि ओखली में सिर दे दिया है। अब मूसल से क्या डरना है।

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वहीं, सपा छोड़कर बसपा में जाने के कयासों को उन्होंने गलत करार दिया था। उन्होंने कहा था कि ये तो बचपने की बातें हैं। मैं तो पहले भी सपा से निकला नहीं था बल्कि मुझे निकाला गया था। मुलायम सिंह यादव ने मुझे मजबूरी में पार्टी से निकाला था और फिर मोहब्बत में वापस लिया। उनका और मेरा तो रिश्ता ही अलग था।

अखिलेश और आजम खान की होगी मुलाकात

बता दें कि इन सारी अटकलों के बीच सपा प्रमुख अखिलेश यादव बुधवार को रामपुर जाकर पूर्व मंत्री आजम खान से मुलाकात करने वाले है। यह जेल से रिहाई के बाद आजम खान और अखिलेश यादव की पहली मुलाकात होगी, इसलिए इस भेंट को राजनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है।

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Published By:
 Rupam Kumari
पब्लिश्ड