अपडेटेड 21 February 2026 at 18:54 IST
Avimukteshwaranand: स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को बड़ा झटका, यौन शोषण मामले में पोक्सो कोर्ट ने दिया FIR दर्ज करने का आदेश
प्रयागराज की एक स्पेशल POCSO कोर्ट ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के खिलाफ उनके आश्रम में बच्चों के यौन शोषण के आरोपों में FIR दर्ज करने का आदेश दिया है।
- भारत
- 2 min read

प्रयागराज की एक स्पेशल POCSO कोर्ट ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के खिलाफ उनके आश्रम में बच्चों के यौन शोषण के आरोपों में FIR दर्ज करने का आदेश दिया है। FIR उनके शिष्य स्वामी मुकुंदानंद गिरी के खिलाफ भी दर्ज की जाएगी। कोर्ट ने मामले की डिटेल में जांच का भी आदेश दिया है। यह तब हुआ जब कोर्ट ने दो नाबालिगों के बयान दर्ज किए, जो इस मामले में कथित तौर पर पीड़ित हैं।
आपको बता दें कि FIR झोंसी पुलिस स्टेशन में दर्ज की जाएगी। ADJ (POCSO एक्ट) विनोद कुमार चौरसिया ने शाकुंभरी पीठाधीश्वर आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज की तरफ से कोड ऑफ क्रिमिनल प्रोसीजर (CrPC) के सेक्शन 173(4) के तहत दायर अर्जी पर सुनवाई के बाद यह आदेश दिया, जिसमें FIR दर्ज करने और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई थी।
एक CD भी जमा की
श्री कृष्ण जन्मभूमि मुक्ति निर्माण ट्रस्ट के प्रमुख और शाकुंभरी पीठाधीश्वर आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने आरोप लगाया है कि आश्रम में ‘गुरु सेवा’ के बहाने नाबालिगों को काम करने के लिए मजबूर किया गया। उन्होंने यह भी दावा किया है कि उन्होंने कोर्ट में जुर्म की एक CD भी जमा की है।
अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने क्या कहा?
कोर्ट के आदेश के बाद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने अपने ऊपर लगे आरोपों को झूठा बताया और कहा, “कोर्ट में सब कुछ साबित हो जाएगा।”
Advertisement
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 21 February 2026 at 18:46 IST