'दावा है कि लखनऊ से कानपुर 45 मिनट में पहुंचा देंगे, लेकिन ये जो गंगा ब्रिज पर 90 मिनट जाम है वो अनुपूरक बजट की तरह...', अखिलेश यादव का तंज
अखिलेश यादव हाल ही में कानपुर में एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे, तभी वो बस खराब होने के चलते लंबे जाम में फंसे रहे। इसे लेकर उन्होंने योगी सरकार पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि दावा तो ये है कि लखनऊ से कानपुर 45 मिनट में पहुंचा देंगे।
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Akhilesh Yadav: यूपी के लखनऊ-कानपुर हाईवे स्थित जाजमऊ गंगा पुराने पुल पर तीन किलोमीटर में चार घंटे तक लंबा जमा लगा रहा। भारी जाम के चलते गाड़ियां धीमी गति से रेंगती रहीं। इसी जाम में सपा प्रमुख अखिलेश यादव का काफिला भी फंसा रहा। इसी क्रम में अखिलेश यादव ने प्रदेश की बीजेपी सरकार पर तंज कसा।
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे अखिलेश यादव कानपुर में एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। पुल पर बस खराब होने से करीब चार घंटे तक जाम लगा रहा। इसी जाम में पूर्व मुख्यमंत्री का काफिला फंस गया। जाजमऊ पुलिस चौकी इंचार्ज विनोद सिंह के मुताबिक, सूचना मिलते ही वह खुद मौके पर पहुंचे और बस को हटवाकर सपा मुखिया के काफिले को निकलवाया।
जाम में फंसे अखिलेश ने बीजेपी पर कसा तंज
अखिलेश यादव ने जाम की वीडियो एक्स पर पोस्ट की और प्रदेश की सरकार पर तंज कसते हुए लिखा, 'दावा तो ये है कि लखनऊ से कानपुर 45 मिनट में पहुंचा देंगे, 'उल्टी गणितवालों' से सब पूछ रहे हैं कि दो स्मार्ट सिटी के बीच में ये जो गंगा ब्रिज पर 90 मिनट का जाम लगता है, वो इसमें शामिल है या अनुपूरक बजट की तरह इसकी बात अलग से की जाएगी।'
BJP बताने से ज्यादा छिपाती है- अखिलेश
उन्होंने आगे कहा, 'भाजपाइयों की यही सबसे बुरी बात है कि जितना बताते नहीं हैं, उससे दोगुना छिपाते हैं।'
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कानपुर को ‘बदनामपुर’ बनाने का लगाया आरोप
उन्होंने यह भी कहा कि सत्तारूढ़ दल ने कानपुर का नाम ‘बदनामपुर’ बना दिया है। मैं यह बात सिर्फ एक घटना की वजह से नहीं कह रहा। शहर का नाम आज सुर्खियों में कार पलटने, पुलिस-वकील की कुख्यात गुटबाजी, फर्जी एनकाउंटर समेत अन्य मामले में रहता है। कानपुर जो कभी अपनी कपड़ा मिलों और अन्य चीजों के निर्माण केंद्र के लिए प्रसिद्ध था, वह अब सड़क हादसों, झगड़ों और प्रशासनिक कमियों से जुड़ हुआ है।
उन्होंने ऐतिहासिक लाल इमली कपड़ा मिल के बंद होने और गंगा में सीवर का पानी जाने के मुद्दे का आरोप लगाते हुए कहा कि कानपुर की विरासत को कमजोर कर दिया गया है।