'जातिगत जनगणना होने से उनकी जमीन खिसक गई, बौखलाए हुए हैं...', अखिलेश यादव पर ओपी राजभर का तीखा प्रहार
OP Rajbhar on Akhilesh Yadav: जातीय जनगणना का रास्ता साफ होने के बाद यूपी की राजनीति में जुबानी जंग देखने को मिल रही है।
- भारत
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OP Rajbhar on Akhilesh Yadav: जातीय जनगणना का रास्ता साफ होने के बाद यूपी की राजनीति में जुबानी जंग देखने को मिल रही है। यूपी सरकार में मंत्री ओपी राजभर ने समाजवादी पार्टी अध्यक्ष पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा है कि अखिलेश यादव की जमीन खिसक गई है। वह बौखलाए हुए हैं।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए ऐलान किया कि वह अगली जनगणना के साथ जातिगत जनगणना भी कराएगी। इसे लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच श्रेय लेने की होड़ तो मची ही है, साथ ही एक दूसरे पर वार-पलटवार भी तेज हो चला है।
'अधिकार लूटने वालों की बात से आश्चर्य होता है'
अब यूपी के कैबिनेट मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के प्रमुख ओम प्रकाश राजभर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के बयान पर हमला बोला है। उन्होंने कहा, 'अधिकार लूटने वाले लोग ऐसी बातें करें तो आश्चर्य होता है। उन्होंने(अखिलेश यादव) अपने 5 साल के मुख्यमंत्री कार्यकाल में जाति के आधार पर पुलिस, ग्राम सेवक, लेखपाल जैसी सेवाओं में भर्ती की। अगर PDA की बात करते हैं तो दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यकों की भर्ती करते।'
अखिलेश यादव की जमीन खिसक गई है- राजभर
उन्होंने आगे कहा, 'जातिगत जनगणना होने से अखिलेश यादव की जमीन खिसक गई है, वे बौखलाए हुए हैं। मैं देख रहा हूं जिस दिन से जातिवाद जनगणना की बात शुरू हुई है और जिसके पास 10 वोट दिलाने की भी काबिलियत नहीं है, ऐसे लोगों को अपने यहां बुला-बुलाकर प्रेस वार्ता कर रहे हैं। मजे की बात तो यह है कि जो लोग प्रेस वार्ता में पहुंचे हैं और जिनके भरोसे वह लड़ रहे हैं उन्हें एमएलए के फुल फॉर्म भी नहीं पता। अब क्या कहा जाए। वे (अखिलेश यादव) अब बौखला गए हैं कि अब क्या होगा?'
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अखिलेश यादव ने क्या कहा था?
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा था कि अभी-अभी इस सरकार ने एक फैसला लिया है हमें खुशी है इस बात की इस सामाजिक न्याय के राज्य की स्थापना के लिए एक कदम तो बढ़ें हैं। सामाजिक न्याय के राज्य की स्थापना हो उसके लिए जाति जनगणना का फैसला 90% PDA की एकजुटता की 100% जीत है। हम सबके सम्मिलित दबाव के कारण भाजपा सरकार मजबूरन यह निर्णय लेने को मजबूर हुई है।
उन्होंने आगे कहा था कि सामाजिक न्याय की लड़ाई में PDA की जीत का एक महत्वपूर्ण क्षण है। ये शुरुआत है और यहां से सामाजिक न्याय के राज की स्थापना और PDA की लड़ाई के लिए अतिमहत्वपूर्ण यह चरण शुरू हुआ है।