नीतीश के कल शपथ लेने की अटकलों के बीच तेजस्वी की क्या है नई चाल? बोले- अभी खेला होना बाकी
तेजस्वी यादव के आवास पर शनिवार को राजद विधायकों की एक बैठक बुलाई गई। समझा जा रहा है कि इस बैठक के जरिए तेजस्वी यादव ने अपनी पार्टी की ताकत को ठीक से समझा।
- भारत
- 3 min read

Bihar News: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) के एनडीए में जाने की खबरों ने बिहार की सियासत में तूफान उठा रखा है। इससे मौजूदा वक्त में सत्ता में सहयोगी राष्ट्रीय जनता दल (RJD) होश उड़े हुए हैं। राष्ट्रीय जनता दल को समझ ही नहीं आ रहा है कि नीतीश कुमार उनका साथ छोड़ गए हैं या अभी तक उनके साथ हैं। तमाम अटकलों और कयासों के बीच मौजूदा डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने अपने राष्ट्रीय जनता दल के इरादे साफ कर दिए हैं।
तेजस्वी यादव के आवास पर शनिवार को राजद विधायकों की एक बैठक बुलाई गई। समझा जा रहा है कि इस बैठक के जरिए तेजस्वी यादव ने अपनी पार्टी की ताकत को ठीक से समझा। सूत्रों ने बताया कि इसी बैठक के दौरान तेजस्वी यादव ने कहा है कि बिहार में अभी खेल होना बाकी है।
तेजस्वी ने नीतीश की तारीफ की
एएनआई ने सूत्रों के हवाले से जानकारी दी कि, 'राजद की बैठक के दौरान तेजस्वी ने पार्टी नेताओं से कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आदरणीय थे और हैं। कई चीजें उनके (नीतीश कुमार) नियंत्रण में नहीं हैं। 'महागठबंधन' में राजद के सहयोगी दलों ने हमेशा मुख्यमंत्री का सम्मान किया। मुख्यमंत्री मेरे साथ मंच पर बैठते थे और पूछते थे, ''2005 से पहले बिहार में क्या था?'' मैंने कभी प्रतिक्रिया नहीं दी।'
यह भी पढ़ें: CM नीतीश ने BJP नेता अश्विनी चौबे संग की पूजा... तस्वीर बता रही है बिहार में किस करवट बैठेगा ऊंट
Advertisement
सूत्रों के मुताबिक, तेजस्वी यादव ने बैठक में कहा, 'अब और भी लोग हमारे साथ हैं। जो काम दो दशकों में नहीं हुआ, वह हमने कम समय में कर दिखाया, चाहे वह नौकरी हो, जाति जनगणना हो, आरक्षण बढ़ाना आदि। बिहार में अभी खेल होना बाकी है।'
नीतीश कुमार दे सकते हैं इस्तीफा
पिछले दो दिनों के घटनाक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की चाल-चलगत और तेवर उनके इरादे साफ कर रहे हैं कि राष्ट्रीय जनता दल के साथ अब कोई गठबंधन बचा नहीं है। सूत्रों ने यहां तक जानकारी दी है कि शनिवार देर शाम तक नीतीश कुमार मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे सकते हैं और उसके बाद रविवार की शाम को फिर से सीएम पद की शपथ ले सकते हैं।
Advertisement
फिलहाल सीएम नीतीश कुमार के पैंतरों और चालों को देखते हुए राष्ट्रीय जनता दल भी अपनी तैयारी में लग चुका है। लालू यादव की पार्टी भी मौजूदा हालातों को भली-भांति भांप चुकी है और इसीलिए अब मौजूदा डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने कह दिया है कि बिहार में अभी खेल होना बाकी है।
राजद का 'गुणा गणित' समझिए
महागठबंधन में विधायकों की कुल संख्या इस वक्त 144 है और बहुमत के लिए 122 विधायकों की जरूरत है। ऐसा माना जा रहा है कि राजद भी अपना गणित लगा रही है और बहुमत के लिए उसे सिर्फ 8 विधायकों की जरूरत है। ऐसे में अगर राजद का पत्ता सही जगह बैठ गया तो तेजस्वी यादव बिहार के नए सीएम बन सकते हैं।
बिहार की राजनीति में ऐसी चर्चाएं हैं कि नीतीश कुमार के महागठबंधन से अलग होने की स्थिति में जदयू के अंदर टूट हो सकती है और यहां कुछ विधायक टूटकर लालू यादव की पार्टी राजद में जा सकते हैं। हालांकि राजद को कम से कम 8 विधायकों की जरूरत होगी, तभी बिना नीतीश कुमार के राजद की सरकार बन सकती है।