'राहुल गद्दार?, क्या अब उनमें कोई ताकत नहीं बची, जो ऐसी एजेंसियों की मदद लेनी पड़ रही है जो भारत विरोधी...', BJP ने LoP पर जमकर बोला हमला
बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि मुद्दा उस अराजकता, अफरा-तफरी और गद्दारी के मॉडल का है जिसे विपक्ष के नेता राहुल गांधी देश के सामने पेश कर रहे हैं। गद्दारी के ये तार विदेशी एजेंसियों से जुड़े हुए हैं।"
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गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के विदेशी संगठनों-जिनमें 'प्रोग्रेसिव इंटरनेशनल' और 'इंडियन अलायंस पेरिस' शामिल हैं, के साथ कथित संबंधों पर सवाल उठाते हुए कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि ये संगठन भारत में विरोध-प्रदर्शनों को बढ़ावा दे रहे हैं और देश में "अराजकता और अफरा-तफरी" फैलाने की एक बड़ी साजिश रच रहे हैं।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में गौरव भाटिया ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा "मुद्दा उस अराजकता, अफरा-तफरी और गद्दारी के मॉडल का है, जिसे विपक्ष के नेता राहुल गांधी देश के सामने पेश कर रहे हैं। आज एक बहुत प्रतिष्ठित अखबार में एक रिपोर्ट छपी है, जिसमें बताया गया है कि किस तरह गद्दारी के ये तार विदेशी एजेंसियों से जुड़े हुए हैं।"
भारत में अराजकता फैलाना चाहते हैं राहुल गांधी
भाटिया ने बार-बार राहुल गांधी को "राहुल गद्दार" कहकर संबोधित किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेतृत्व की अंतरराष्ट्रीय समूहों के साथ हुई बैठकें, इन समूहों की गतिविधियों, उनकी फंडिंग और भारत में हो रहे विरोध-प्रदर्शनों के साथ उनके संभावित तालमेल पर सवाल खड़े करती हैं। उनके ये बयान एक विदेश जांच के बाद आए हैं, जिसमें दावा किया गया है कि नौ देशों में फैले 101 ऐसे संगठनों की पहचान की गई है, जो प्रदर्शनों को आयोजित करने उनमें तालमेल बिठाने या उन्हें बढ़ावा देने में शामिल हैं।"
गद्दारी के ये तार विदेशी एजेंसियों से जुड़े!
गौरव भाटिया ने आगे कहा, "मुद्दा उस अराजकता, अफरा-तफरी और गद्दारी के मॉडल का है, जिसे विपक्ष के नेता राहुल गांधी देश के सामने पेश कर रहे हैं। आज एक बहुत प्रतिष्ठित अखबार में एक रिपोर्ट छपी है, जिसमें बताया गया है कि किस तरह गद्दारी के ये तार विदेशी एजेंसियों से जुड़े हुए हैं।"
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उन्होंने कहा, "अगर यह पूछा जाए कि इस गद्दार का कमांडर-इन-चीफ कौन है? इस गद्दार का लीडर कौन है? तो यह गलत नहीं होगा," उन्होंने आरोप लगाया कि गांधी के कामों के लिए उन्हें "गद्दार" या "मीर जाफर" कहा जाना चाहिए।
राहुल 'गद्दार'? क्या अब उनमें कोई ताकत नहीं बची…
गौरव भाटिया ने प्रोग्रेसिव इंटरनेशनल पर भी सवाल उठाए, जिसे रिपोर्ट में एक ट्रांसनेशनल एंटी-कैपिटलिस्ट संगठन बताया गया है। भाटिया ने कांग्रेस के एक सोशल मीडिया पोस्ट का ज़िक्र किया जिसमें कहा गया था कि सोनिया गांधी और राहुल गांधी 28 अप्रैल, 2025 को नई दिल्ली में 10 जनपथ पर संगठन के एक डेलिगेशन से मिले थे।
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भाटिया ने कहा, "राहुल गांधी... राहुल 'गद्दार'? क्या अब उनमें कोई ताकत नहीं बची है, जो अब उन्हें ऐसी एजेंसियों और संगठनों की मदद लेनी पड़ रही है जो भारत विरोधी हैं?" भाटिया ने कहा, "विरोध करना मौलिक अधिकार है, लेकिन विनाश, संस्थानों को नष्ट करना, आगजनी और हिंसक प्रदर्शन मौलिक अधिकार नहीं हैं।"
गांधी और कांग्रेस के लिंक विदेशी लोगों या संस्थाओं से?
उन्होंने मांग की कि गांधी और कांग्रेस बताएं कि प्रोग्रेसिव इंटरनेशनल के साथ मीटिंग में क्या चर्चा हुई और यह भी साफ करें कि संगठन के साथ कोई एग्रीमेंट हुआ है या नहीं। उन्होंने ग्रुप्स के लिए फंडिंग के सोर्स और क्या उनके विदेशी लोगों या संस्थाओं से लिंक हैं, इस पर भी सवाल उठाए।
बता दें कि एक विदेशी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार 28 कम्युनिस्ट और सोशलिस्ट युवाओं और संगठनों का एक इंटरनेशनल गठबंधन पूरे यूरोप में एक साथ हड़ताल के लिए स्टूडेंट्स और युवाओं को इकट्ठा कर रहा है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि यह नेटवर्क फ्रांस से आगे बढ़कर यूनाइटेड स्टेट्स, यूनाइटेड किंगडम, ग्रीस, ब्राजील और भारत जैसे देशों तक फैला हुआ है, जहां संगठन सपोर्टर्स को इकट्ठा कर रहे हैं, हड़ताल बुला रहे हैं और इंटरनेशनल मीडिया आउटलेट्स के ज़रिए प्रदर्शनों को बढ़ा-चढ़ाकर बता रहे हैं। इसी मुद्दे पर भाटिया ने राहुल गांधी और कांग्रेस को घेरा है।