Women Reservation Bill: 'कुछ भी ऐसा ना करें, जिससे नारी शक्ति की भावनाएं आहत हो', वोटिंग से पहले PM मोदी की भावनात्मक अपील, खड़गे ने क्या कहा?
लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक पर ऐतिहासिक चर्चा के बाद अब वोटिंग की घड़ी आ रही है। वोटिंह से पहले पीएम मोदी ने सभी सांसदों से भावुक अपील की है।
- भारत
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महिला आरक्षण बिल पर अब से थोड़ी देर बाद लोकसभा में वोटिंग होने वाली है। लोकसभा में विपक्ष के सांसदों के विरोध और लंबी बहस के बाद आधी रात को महिला आरक्षण कानून 2023 देश भर में लागू हो गया। संसद में बिल पर चर्चा जारी है। इधर वोटिंग से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने सभी सांसदों से बड़ी अपील की है। उन्होंने कहा है कि 'कुछ भी ऐसा ना करें, जिससे नारी शक्ति की भावनाएं आहत हो'।
लोकसभा में नारीशक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण विधेयक) पर ऐतिहासिक चर्चा के बाद अब वोटिंग की घड़ी आ रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्ष सहित सभी सांसदों से भावुक अपील करते हुए कहा कि आज देश की करोड़ों महिलाओं की नजर सांसदों की नियत और उनके फैसले पर टिकी हुई है। पीएम मोदी ने अपने X पोस्ट पर बिल को लेकर बड़ी बातें कही है।
PM मोदी ने क्या कहा?
पीएम मोदी ने X पोस्ट में लिखा है- संसद में इस समय नारीशक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन पर चर्चा चल रही है। कल रात भी एक बजे तक चर्चा चली है। जो भ्रम फैलाए गए, उनको दूर करने के लिए तर्कबद्ध जवाब दिया गया है। हर आशंका का समाधान किया गया है। जिन जानकारियों का अभाव था, वो जानकारियां भी हर सदस्य को दी गई हैं। किसी के मन में विरोध का जो कोई भी विषय था, उसका भी समाधान हुआ है।
वोटिंग से पहले पीएम मोदी की अपील
महिला आरक्षण के इस विषय पर देश में चार दशक तक बहुत राजनीति कर ली गई है। अब समय है कि देश की आधी आबादी को उसके अधिकार अवश्य मिलें। आजादी के इतने दशकों बाद भी भारत की महिलाओं का निर्णय प्रक्रिया में इतना कम प्रतिनिधित्व रहे, ये ठीक नहीं। अब कुछ ही देर लोकसभा में मतदान होने वाला है। मैं सभी राजनीतिक दलों से आग्रह करता हूं। अपील करता हूं।
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कृपया करके सोच-विचार करके पूरी संवेदनशीलता से निर्णय लें, महिला आरक्षण के पक्ष में मतदान करें। मैं देश की नारी शक्ति की तरफ से भी सभी सदस्यों से प्रार्थना करूंगा… कुछ भी ऐसा ना करें, जिनसे नारीशक्ति की भावनाएं आहत हों। देश की करोड़ों महिलाओं की दृष्टि हम सभी पर है, हमारी नीयत पर है, हमारे निर्णय पर है। कृपया करके नारीशक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन का साथ दें।
खड़गे ने बिल पर क्या कहा?
वहीं, राज्यसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने नए परिसीमन विधेयक पर कहा। "हमारे लोग लड़ रहे हैं और लोकसभा में इसे हरा देंगे।" विपक्ष वोटिंग से पहले बिल को विरोध में खड़ा है। विपक्ष चाहता है कि महिला आरक्षण लागू हो मगर वर्तमान संख्या पर हो।
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बता दें कि कानून मंत्रालय ने गुरुवार को आधिकारिक अधिसूचना जारी कर संविधान (106वां संशोधन) अधिनियम, 2023 को प्रभावी बनाने की घोषणा की। अधिसूचना में कहा गया है कि अधिनियम की धारा 1(2) के तहत 16 अप्रैल 2026 से इसके सभी प्रावधान लागू होंगे।