शम्शी आजाद ने लगाया था योगी का बुलडोजर वाला पोस्टर, जवाब में तौकीर खान ले आए सपा का पोस्टर; UP में जबरदस्त सियासत

उत्तर प्रदेश में विपक्ष जहां योगी के बुलडोजर एक्शन पर हमेशा से सवाल उठाता रहा है, वहीं बीजेपी ये बताने की कोशिश करती रही है कि इससे प्रदेश में शांति आई है।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
Uttar Pradesh Poster war
Uttar Pradesh Poster war | Image: R Bharat

Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश में नए साल से पहले जोरदार सियासत हो रही है। भारतीय जनता पार्टी और समाजवादी पार्टी पोस्टर की लड़ाई पर उतर आई हैं। सोमवार को शम्शी आजाद के बीजेपी कार्यकर्ता ने लखनऊ में नए साल की बधाई देते हुए पोस्टर लगाए थे। उसके जवाब में अब समाजवादी पार्टी के नेता तौकीर खान गुर्जर की तरफ से पोस्टर लगाया गया है।

उत्तर प्रदेश में विपक्ष जहां योगी के बुलडोजर एक्शन पर हमेशा से सवाल उठाता रहा है, वहीं बीजेपी ये बताने की कोशिश करती रही है कि इससे प्रदेश में शांति आई है। इसी क्रम में लखनऊ में सोमवार को पोस्टर लगाए गए थे। बीजेपी नेता शम्सी आजाद की ओर से लगाए के पोस्टर के जरिए संदेश देने की कोशिश की गई कि योगी के बुलडोजर एक्शन से माफियों में खौफ आया है और प्रदेश में क्राइम का ग्राफ गिरा है। सीएम योगी के राज्य में प्रदेश में शांति आई है। पोस्टर पर लिखा था- 'चरखे से आई क्रांति, बुलडोजर से आई शांति।' नववर्ष की बधाई देते हुए पोस्टर में आगे लिखा- 'बदलता यूपी, बढ़ता भारत।'

बीजेपी को जवाब में सपा ने टांगा पोस्टर

अभी समाजवादी पार्टी की तरफ से जवाबी पोस्टर आया है। लखनऊ के प्रमुख चौराहे पर 1090 चौराहे पर पोस्टर लगाया गया है। राष्ट्रीय लोहिया वाहिनी समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तौकीर खान गुर्जर की तरफ से ये पोस्टर लगाया गया है। इसमें लिखा है- 'हक है दम है अंबेडकर हैं तो हम हैं'। इस पोस्टर में एक तरीके से हालिया अंबेडकर विवाद को लेकर बीजेपी को घेरने की कोशिश की है।

यूपी उपचुनाव में दिखा था पोस्टर वार

दोनों राजनीतिक पार्टियों के बीच पोस्टर वार पिछले कुछ समय से होते रहे हैं। हालिया उत्तर प्रदेश उपचुनाव के समय भी बीजेपी और सपा के बीच जमकर पोस्टरबाजी देखने को मिली थी। पोस्टर के जरिए बीजेपी ने 'बंटेगे तो कटेंगे' और 'एक है तो सेफ है' का नारा दिया था। वहीं, सपा ने जवाब में पीडीए जोड़ेगी और जीतेगी का नारा लगाया था।

Advertisement

यह भी पढ़ें: नए साल के जश्न पर मौलाना शहाबुद्दीन रजवी का फतवा; बताया शरीयत के खिलाफ

Published By:
 Dalchand Kumar
पब्लिश्ड