खुद कुछ नहीं कर रहीं और केंद्र पर लगा रहीं दोष... कोलकाता कांड पर CM ममता को मेघवाल ने दिखाया आईना
कोलकाता कांड को लेकर केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने मुख्यमंत्री ममता को निशाने पर लेते हुए गेंद को केंद्र के पाले में फेंकने का आरोप लगाया है।
- भारत
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Kolkata Rape Murder Case: कोलकाता में महिला डॉक्टर के साथ हुई हैवानियत को लेकर अब भी देशभर में बवाल जारी है। हर कोई पीड़िता को इंसाफ देने की गुहार लगा रहा है। इस बीच पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी और उनकी सरकार लगातार विवादों में हैं। मामले को लेकर बंगाल सरकार के रवैये से पहले ही लोगों में भारी आक्रोश है। अब केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने मुख्यमंत्री ममता को निशाने पर लेते हुए गेंद को केंद्र के पाले में फेंकने का आरोप लगाया है।
केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कोलकाता कांड को शर्मनाक करारते हुए इसकी आलोचना की। उन्होंने कहा, 'पश्चिम बंगाल की घटना शर्मनाक है। सभी ने दुख जताया है और इसकी आलोचना की है। मुझे नहीं पता कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इसे कैसे ले रही हैं, लेकिन वह इसका प्रतिवाद कर रही हैं। वह पूछ रही हैं कि फास्ट ट्रैक कोर्ट क्यों नहीं बनाया गया। यह पहले से ही है, लेकिन आपने इसमें कोई योगदान नहीं दिया। आपने इसे केवल 4-5 जिलों में किया। आप कुछ नहीं कर रहे हैं और गेंद केंद्र के पाले में फेंक रहे हैं, यह अधिक दुर्भाग्यपूर्ण है।'
बता दें कि ममता बनर्जी ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर बलात्कारियों को सजा देने के लिए कड़े केंद्रीय कानून की मांग की थी।
उनसे नहीं संभलता तो इस्तीफा दे…
वहीं केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सीएम ममता बनर्जी के बयान पर नाराजगी जताते हुए उनके इस्तीफे की मांग तक कर दी। उन्होंने कहा, 'महिला के प्रति इतना गंभीर अपराध हुआ है कि स्वयं सुप्रीम कोर्ट उस पर संज्ञान ले रहा है। उन्हें (ममता बनर्जी) शर्म आनी चाहिए कि वे भी महिला मुख्यमंत्री है। कानून और व्यवस्था राज्य का विषय है और अगर उनसे नहीं संभलता है तो छोड़ देना चाहिए और इस्तीफा दे देना चाहिए। भारत की जनता समझ चुकी है कि वे (ममता बनर्जी) क्या कहना चाहती हैं।'
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डॉक्टर रेप-मर्डर मामले में अब तक क्या हुआ?
कोलकाता के सरकारी आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के सेमिनार हॉल में 9 अगस्त को डाॉक्टर का शव मिला था जिस पर गंभीर चोटों के निशान थे। संजय रॉय को सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अगले दिन गिरफ्तार किया गया था जिसमें उसे घटना वाले दिन सुबह लगभग चार बजकर तीन मिनट पर सेमीनार हॉल में घुसते हुए देखा गया था। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर रॉय से गहन पूछताछ की गई और पुलिस ने उसके बाएं गाल पर ‘हालिया चोटों’, बाएं हाथ में दो उंगलियों के बीच खरोंच, बाईं जांघ के पीछे खरोंच आदि को भी देखा गया, जो संघर्ष का संकेत देते हैं।
मामले की गहना जांच के दौरान अधिकारियों ने बताया कि आरोपी के वीर्य, बाल, नाखून आदि के नमूने जुटाए गए। कलकत्ता हाईकोर्ट ने 13 अगस्त को मामले की जांच कोलकाता पुलिस से सीबीआई को ट्रांसफर करने का आदेश दिया था। इसके बाद सीबीआई ने 14 अगस्त को जांच अपने हाथ में ले ली। सीबीआई ने मामले की जांच संभालने के बाद अपराध के बारे में आगे की जानकारी जुटाने के लिए संजय रॉय, मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष, पीड़िता के साथ ड्यूटी पर मौजूद चार डॉक्टरों और रॉय की पॉलीग्राफ जांच भी कराई।