'अरे मेरे को मुगलों से क्या मतलब? क्या वो मेरे अब्बा...', मंदिर-मस्जिद विवाद को लेकर BJP पर भड़के ओवैसी; याद दिलाया इतिहास
मंदिर-मस्जिद विवाद को लेकर AIMIM के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने एक बार फिर बीजेपी पर जमकर निशाना साधा है। बीजेपी से पूछा-पुष्यमित्र आपके बड़े अब्बा थे?
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AIMIM के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने मंदिर-मस्जिद विवाद को लेकर एक बार फिर पीएम मोदी और सीएम योगी पर तीखा हमला बोला है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन की 67वीं वर्षगांठ पर हैदराबाद में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए असदुद्दीन ओवैसी ने कहा, वे मीडिया में हर जगह कहते हैं कि मुगलों ने 400 साल पहले कई मंदिरों को तोड़ दिए थे। वे मुझसे पूछते हैं कि बोलो, मेरा मुगलों से क्या लेना-देना है? अरे मेरे को मुगलों से क्या करना है। वो क्या मेरे अब्बा थे ? नाना थे?
असदुद्दीन ओवैसी ने आगे कहा कि मुगल बादशाह थे, बादशाहों का कोई मजहब नहीं होता। बादशाह मजहब का इस्तेमाल करके अपनी हुकूमत को बढ़ाता है। उसको लगता है कि जो दूसरा ताकतवर बादशाह अगर उसे हरा देते हैं, उसकी जो सबसे ताकतवर जगह उसे तोड़ दिया तो लोग मुझे कबूल कर लेंगे। 500 साल पहले क्या हुआ उसे बताकर बाबा हम क्या करेंगे।
मेरा मुगलों से क्या लेना-देना है- ओवैसी
इतिहास का उदाहरण देते हुए ओवैसी ने कहा, पुष्यमित्र शुंग ने हजारों बौद्ध पूजा स्थलों को ध्वस्त कर दिया था। पल्लव सम्राट नरसिंहवर्मन ने 1640 ई. में चालुक्य की राजधानी वातापी में एक गणेश मूर्ति चुरा ली थी। ह्वेन त्सांग ने लिखा कि शशांक ने बोधि वृक्ष को काट दिया था। 10वीं शताब्दी में राजा इंद्र ने कालप्रिय मंदिर को ध्वस्त कर दिया था, और बीजेपी वाले मुझसे पूछते हैं कि बोलो, मेरा मुगलों से क्या लेना-देना है?
पुष्यमित्र आपके बड़े अब्बा थे या नहीं- ओवैसी
मंदिर-मस्जिद विवाद पर अपनी बात रखते हुए ओवैसी ने कहा, अगर ये लोग 400 साल पहले मंदिर तोड़ने की बात करते हैं तो इनसे पूछिए कि शुंग वंश के शासक पुष्यमित्र आपके बड़े अब्बा थे या न नहीं? उन्होंने कई बौद्ध मठों को तोड़ा, उन पर मूवी क्यों नहीं बनवाते? चोला वंश और पल्लव राजाओं ने और चालुक्य काल में कई मंदिरों को तोड़ा गया, उस पर भी फिल्में बनवाओ। अगर संभाजी महाराज से बीजेपी और पीएम मोदी को मोहब्बत है तो मराठाओं को आरक्षण क्यों नहीं देते।