BREAKING: पाकिस्तानी जैवलिन थ्रोअर अरशद नदीम का इंस्टाग्राम अकाउंट बैन, भारत के खिलाफ प्रोपोगेंडा फैलाने का बाद एक्शन
पाकिस्तान के स्टार जैवलिन थ्रोअर (भाला फेंक खिलाड़ी) अरशद नदीम का इंस्टाग्राम अकाउंट एक 'कानूनी अनुरोध' के बाद भारत में ब्लॉक कर दिया गया है।
- भारत
- 2 min read

पहलागाम में हुए आतंकी हमले के बाद पूरे देश में गम और गुस्से का माहौल है। हर तरफ आतंकियों और उसके आकाओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग की जा रही है। भारत सरकार भी पूरे एक्शन मोड में है और एक के बाद एक बड़े फैसले ले रही है। अब पाकिस्तान के स्टार जैवलिन थ्रोअर (भाला फेंक खिलाड़ी) अरशद नदीम का इंस्टाग्राम अकाउंट एक कानूनी अनुरोध के बाद भारत में ब्लॉक कर दिया गया है। भारत में नदीम का इंस्टाग्राम अकाउंट खोलने की कोशिश करने वालों का यह संदेश मिल रहा है, भारत में यह अकाउंट उपलब्ध नहीं है । इस आशय के कानूनी अनुरोध के बाद यह फैसला लिया गया।
आपको बता दें कि पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकवादी हमले में 26 लोग मारे गए जिनमें अधिकांश पर्यटक थे। सरकार ने उन पाकिस्तानी सोशल मीडिया अकाउंट को बंद कर दिया है जिनके भारत में बड़ी संख्या में फॉलोअर्स हैं । इस सप्ताह की शुरूआत में कई पाकिस्तानी यूट्यूब चैनलों को भी भारत उसकी सेना और सुरक्षा एजेंसियों के विरुद्ध भड़काऊ और सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील सामग्री, झूठे और भ्रामक कथन और गलत सूचना प्रसारित करने के लिए भारत में प्रतिबंधित कर दिया गया था। पूर्व क्रिकेटर शोएब अख्तर, बासित अली और शाहिद अफरीदी के यूट्यूब अकाउंट भारत में बंद कर दिये गए हैं। उनके इंस्टाग्राम अकाउंट हालांकि उपलब्ध हैं। पाकिस्तानी अभिनेता अली जफर, माहिरा खान के इंस्टाग्राम अकाउंट भी भारत में ब्लॉक कर दिये गए हैं।
अरशद को बुलाने पर नीरज चोपड़ा हुए थे ट्रोल
पहलगाम आतंकी हमले के बाद देश के लोगों में गुस्सा है। वो पाकिस्तान और आतंकवाद के खिलाफ बदला चाहते हैं। इसी बीच एथलीट नीरज चोपड़ा सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी एथलीट अरशद नदीम को भारत बुलाने के मुद्दे पर लगातार ट्रोल हो रहे थे। जिसके बाद उन्होंने सफाई दी और कहा है कि मेरी ईमानदारी पर सवाल उठते देखना दुखद है। नीरज ने लिखा, "मैं आमतौर पर कम बोलने वाला व्यक्ति हूं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि मैं जो गलत समझता हूं उसके खिलाफ नहीं बोलूंगा। खासकर तब जब बात हमारे देश के प्रति मेरे प्यार और मेरे परिवार के सम्मान और प्रतिष्ठा पर सवाल उठाने की आती है।"