Navkar Mantra: विश्वभर में गूंजेगा नवकार मंत्र, 25 हजार जैनी एक साथ करेंगे जाप, PM मोदी की मौजूदगी में बनेगा वर्ल्ड रिकॉर्ड

दिल्ली और अहमदाबाद में एक साथ 25 हजार से ज्यादा जैन श्रद्धालु नवकार मंत्र का जाप करेंगे, वह भी एक ही समय पर।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
Navkar Mantra pm modi
विश्वभर में गूंजेगा नवकार मंत्र | Image: ANI

Navkar Mantra: 9 अप्रैल यानी आज भारत की धरती पर एक ऐतिहासिक और आध्यात्मिक दृश्य साकार होने जा रहा है। दिल्ली और अहमदाबाद में एक साथ 25 हजार से ज्यादा जैन श्रद्धालु नवकार मंत्र का जाप करेंगे, वह भी एक ही समय पर। जैन धर्म के इस सबसे पवित्र मंत्र की गूंज न सिर्फ भारत में बल्कि पूरी दुनिया में सुनाई देने वाली है।

खासकर अहमदाबाद के GMDC ग्राउंड और दिल्ली के विज्ञान भवन में होने वाले इस ‘विश्व नवकार महामंत्र दिवस’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी दिल्ली से जुड़ेंगे। आयोजन का उद्देश्य सिर्फ विश्व रिकॉर्ड बनाना नहीं है, बल्कि शांति, करुणा और अहिंसा का वह संदेश फैलाना है जो नवकार मंत्र की आत्मा में समाहित है।

भारत विश्व को शांति का देगा संदेश

जहां श्रद्धा, विज्ञान और संस्कृति एक साथ खड़े होंगे। जहां हजारों कलशों के सामने करोड़ों मंत्रों की ध्वनि, विश्व को शांति का संदेश देगी। भारत एक बार फिर अध्यात्म की शक्ति से इतिहास लिखने जा रहा है।

PC : Instagram

नवकार मंत्र का महत्व

नवकार मंत्र जैन धर्म का सबसे महत्वपूर्ण मंत्र है। इसके जाप से:

Advertisement
  • मन शांत और स्थिर होता है।
  • चिंता, तनाव, उदासी से मुक्ति मिलती है।
  • पापों का नाश और पुण्य की प्राप्ति होती है।
  • मोक्ष प्राप्त करने की प्रेरणा मिलती है।
  • नवकार मंत्र को अन्य धर्मों में भी मान्यता प्राप्त है और इसके मूल्यों की व्यापक सराहना की जाती है।
Shree Shatrunjay Navkardham
PC : Shutterstock

108 से ज्यादा देशों के लोग लेंगे भाग 

नवकार महामंत्र जैन धर्म में सबसे सम्मानित और प्रतिष्ठित मंत्र है। इसे सच्चे ज्ञानी और आचार्यों के गुणों को समर्पित किया जाता है। यह मनुष्य को आंतरिक परिवर्तन की प्रेरणा देता है। इस अवसर पर, लोग आत्म-शुद्धि, सहिष्णुता और सामूहिक कल्याण के मूल्यों पर विचार करने के लिए प्रोत्साहित होते हैं।

इस आयोजन में 108 से ज्यादा देशों के लोग भाग लेंगे, जो एक साथ मिलकर शांति और एकता के लिए सामूहिक रूप से इस मंत्र का उच्चारण करेंगे। यह वैश्विक उपक्रम न केवल धार्मिक, बल्कि मानवता और वैश्विक भाईचारे को बढ़ावा देने का भी प्रयास है।

Advertisement
PC : AI Image

क्या है णमोकार महामंत्र

जैन अनुयायी 24 तीर्थंकरों की शिक्षा दीक्षा का वर्णन करते हैं। साथ ही कई प्राचीन पुस्तकों का पाठ करते हैं। हिंदुओं की तरह ही जैन भी भारत में हजारों साल से हैं और यह अहिंसा दया को जीवन जीने का सबसे जरूरी मंत्र मानते हैं। ऐसे में वह एक साधक मंत्र का वे जाप भी करते हैं वही मंत्र णमोकार मंत्र कहलाता है। इस मंत्र में कुल 58 मात्राएं, 35 अक्षर, 34 स्वर, 30 व्यंजन और 5 पद हैं।

मनोकामनाएं होती है पूरी

जैन धर्म के अनुयायी मानते हैं कि अगर आप लगातार इस मंत्र का एक लाख जप धूप के साथ करें तो आपकी सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। 7 लाख जप से सभी कष्टों का नाश होता है, सवा करोड़ बार जप करने से नरक में जाना टल जाता है और 8 करोड़ 8 लाख 8 सौ बार इसे जपने से मनुष्य को शाश्वत सुख की प्राप्ति होती है।

25,000 to chant Navkar Mantra together at GMDC Ground on April 9; PM Modi  to join virtually | DeshGujarat
PC : ANI

णमोकार महामंत्र का अर्थ

णमोकार महामंत्र का अर्थ है : णमो अरिहंताणं-अरिहंतों को नमस्कार है, णमो-सिद्धाणं-सिद्धों को नमस्कार है, णमो आयरियाणं-आचार्यों को नमस्कार है, णमो उवज्झायाणं- उपाध्यायों को नमस्कार है, णमो लोए सव्व साहूणं-लोक के सभी साधुओं को नमस्कार है, ये 5 परमेष्ठी हैं, जिन्‍हें शुद्ध भावपूर्वक पंच नमस्कार किया जाता है। इस मंत्र के प्रथम 5 पदों में 35 अक्षर और शेष 2 पदों में 33 अक्षर हैं।

यह भी पढ़ें : चीन पर ट्रंप का तीखा टैरिफ प्रहार, डेडलाइन मिस करने पर लगाया 104% चार्ज

Published By:
 Nidhi Mudgill
पब्लिश्ड