पीएम मोदी ने बोली बात, मोहन भागवत ने मिलाई हां में हां... फिर जोर से हंस पड़े दोनों; आगे का नजारा कुछ ऐसा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत के बीच दिलचस्प चर्चा देखी गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नागपुर दौरे पर हैं।
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PM Narendra Modi-Mohan Bhagwat: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत के बीच दिलचस्प चर्चा देखी गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नागपुर दौरे पर हैं। उन्होंने हिंदू नववर्ष के शुभारंभ में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रतिपदा कार्यक्रम में हिस्सा लिया है। उसके पहले प्रधानमंत्री स्मृति मंदिर में दर्शन करने गए और आरएसएस के संस्थापकों को श्रद्धांजलि दी। बाद मेंमाधव नेत्रालय प्रीमियम सेंटर की आधारशिला के मौके पर मंच पर पीएम मोदी और मोहन भागवत को आपस में बातचीत करते देखा गया। तभी बीच में पीएम मोदी अपनी बात कर रहे और मोहन भागवत भी हां में हां कर रहे थे। उसके बाद दोनों एक साथ हंसने लगे।
माधव नेत्रालय के शिलान्यास कार्यक्रम में पीएम नरेंद्र मोदी और संघ प्रमुख मोहन भागवत के अलावा केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरी महाराज और आचार्य गोविंद देव गिरिजी महाराज भी मौजूद थे। पीएम मोदी के बगल में एक तरफ मोहन भागवत और दूसरी तरफ देवेंद्र फडणवीस बैठे थे। मंच पर पीएम मोदी और मोहन भागवत एक दूसरे से लगातार बात कर रहे थे। पीएम मोदी ने इस दौरान कुछ शब्द बोले तो मोहन भागवत को हां में हां मिलाते देखा गया। उसके बाद दोनों हंसने लगे थे। यहां मंच के आगे भी समर्थकों की भारी भीड़ थी, जो हर तस्वीर को अपने जहन के साथ मोबाइल में कैद कर रही थी।
नागपुर के स्मृति मंदिर में PM मोदी ने किए दर्शन
पीएम नरेंद्र मोदी के नागपुर पहुंचने पर रविवार को केंद्रीय सड़क मंत्री नितिन गडकरी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्वागत किया। वहां से पीए मोदी स्मृति मंदिर गए। पीएम मोदी ने नागपुर के स्मृति मंदिर में दर्शन किए और कहा कि यहां आना एक बहुत ही खास अनुभव है। पीएम मोदी 'X' पर पोस्ट में लिखते हैं- 'आज की यात्रा को और भी खास बनाने वाली बात ये है कि ये वर्ष प्रतिपदा के दिन हुई है, जो परम पूज्य डॉक्टर साहब की जयंती भी है। मेरे जैसे अनगिनत लोग परम पूज्य डॉक्टर साहब और पूज्य गुरुजी के विचारों से प्रेरणा और शक्ति प्राप्त करते हैं। इन दो महानुभावों को श्रद्धांजलि देना सम्मान की बात थी, जिन्होंने एक मजबूत, समृद्ध और सांस्कृतिक रूप से गौरवशाली भारत की कल्पना की थी।'
दीक्षाभूमि जाकर बीआर अंबेडकर को श्रद्धांजलि दी
यहां से पीएम मोदी दीक्षाभूमि गए और बीआर अंबेडकर को श्रद्धांजलि दी। यहां बीआर अंबेडकर ने 1956 में अपने हजारों अनुयायियों के साथ बौद्ध धर्म अपनाया था। पीएम मोदी लिखते हैं- ‘नागपुर में दीक्षाभूमि सामाजिक न्याय और दलितों को सशक्त बनाने के प्रतीक के रूप में प्रतिष्ठित है। भारत की पीढ़ियां डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर के प्रति कृतज्ञ रहेंगी, जिन्होंने हमें एक ऐसा संविधान दिया जो हमारी गरिमा और समानता सुनिश्चित करता है। हमारी सरकार बाबासाहेब के दिखाए गए मार्ग पर चली है और हम उनके सपनों के भारत को साकार करने के लिए और भी अधिक मेहनत करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हैं।’