अपडेटेड 12 February 2026 at 10:31 IST
'जहां मिलेंगे बाबू शोना, तोड़ देंगे कोना-कोना...' वैलेंटाइन डे से पहले फिर एक्टिव हुई शिवसेना, जगह-जगह लगे पोस्टर; कपल्स को दी खुली चेतावनी
14 फरवरी को प्रेमी जोड़ों को सबक सिखाने के लिए दंड पूजन किया गया है। इस दौरान वैलेंटाइन डे के विरोध में नारे भी लगाए गए। साथ ही कपल्स के लिए खुली चेतावनी दी गई है।
- भारत
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Valentine Day: 14 फरवरी यानी वैलेंटाइन डे के मौके पर प्रेमी जोड़े अपने प्यार का इजहार करते हैं। इस दिन को कपल्स पूरे उत्साह के साथ मनाते हैं। लेकिन हमेशा की तरह इस बार भी वैलेंटाइन डे के खिलाफ मोर्चा खोल दिया गया है। पोस्टरों में वैलेंटाइन डे को हिंदू संस्कृति के खिलाफ बताया गया है और प्रेमी जोड़ो को सख्त चेतावनी दी गई है।
शिवसेना के कार्यकर्ताओं ने अनूठे और आक्रामक अंदाज में विरोध की तैयारियां की हैं। उन्होंने 14 फरवरी के दिन प्रेमी जोड़ों को सबक सिखाने के लिए दंड पूजन किया। इन लाठियों को वैदिक मंत्र उच्चार के साथ तेल पिलाया गया। इस दौरान उन्होंने हाथों में पोस्टर लिए नारे लगाए- 'जहां मिलेंगे बाबू शोना, तोड़ देंगे कोना-कोना।'
आवेदन, निवेदन और फिर दनादन लाठियां…
ये तस्वीर मध्य प्रदेश के सागर से सामने आई है, जो वैलेंटाइन वीक की रौनक के बीच चर्चा का विषय बन गई है।
इस विरोध के जरिये संगठन ने चेतावनी दी है कि अगर होटल, पार्क, रेस्टोरेंट या किसी अन्य स्पॉट पर प्रेमी जोड़ों को अश्लील हरकत करते पकड़ लिया गया तो कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर कोई सार्वजनिक स्थानों पर ऐसी हरकतें करता पाया गया तो लाठी-डंडों से सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही मौके पर ही शादी करा दी जाएगी। यही नहीं, उन्होंने कई जगहों पर पोस्टर भी चस्पा किए हैं।
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होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को चेतावनी
इसके अलावा संगठन की ओर से होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को भी फूहड़ या अश्लील कार्यक्रम आयोजित करने को लेकर चेतावनी दी गई है। ऐसा कुछ भी करने पर अगर कोई अप्रिय स्थिति पैदा होती है तो उसकी जिम्मेदारी संबंधित आयोजकों की होगी।
सालों से विरोध करता आ रहा संगठन
बता दें कि सागर जिले के शिवसैनिक पिछले 25 से अधिक सालों से वैलेंटाइन डे का विरोध करते आ रहे हैं। इसके लिए हफ्ते भर पहले से ही तैयारी शुरू कर दी जाती है। वह सभी होटल और रेस्टोरेंट को आवेदन देकर कार्यक्रम आयोजित नहीं करने की अपील करते हैं। साथ ही कार्यकर्ताओं की टोली बनाकर उन्हें अलग-अलग जगह की निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी जाती है।
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Published By : Priyanka Yadav
पब्लिश्ड 12 February 2026 at 10:31 IST