Kedarnath Highway Closed: केदारनाथ हाईवे पर बांसवाड़ा में लैंडस्लाइड, दोनों तरफ फंसी गाड़ियां, भारी बारिश ने रोके कई रास्ते
Kedarnath Highway Closed: केदारनाथ हाईवे बंद हो गया है क्योंकि बांसवाड़ा में अचानक लैंडस्लाइड हो गया, जिससे भारी मलबा सड़क पर आ गिरा, पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है।
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Kedarnath Highway Closed: रुद्रप्रयाग के बांसवाड़ा से लैंडस्लाइड की खबर सामने आ रही है, जिसके कारण केदारनाथ हाईवे बंद करना बड़ा क्योंकि हाईवे पर भारी मलवा आने से दोनों तरफ कई गाड़ियां फंस गई। लगातार बारिश से रास्ता खोलने में बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। लैंडस्लाइड जब हुआ उस वक्त एक व्यक्ति ने इसका वीडियो बना लिया। वीडियो देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि बड़ा हादसा होते होते टल गया। शुक्र रहा की मलबे की चपेट में कोई गाड़ी नहीं आई।
उत्तराखंड में बीते 24 घंटों में भारी बारिश ने तबाही मचाई है, जिसमें भूस्खलन, नदियों का उफान और बिजली गिरने से एक बच्चे और एक दंपति सहित 7 लोगों की जान चली गई। गढ़वाल में चार और कुमाऊं में तीन मौतें हुई हैं। प्रदेश में 11 लोग लापता हैं जिनके मलबे में दबे होने की आशंका है। उत्तराखंड में बारिश कहर बनकर टूटी है। भारी बारिश के कारण भूस्खलन और नदी-नालों के उफान और बिजली गिरने से एक मासूम और दंपती समेत सात लोगों की जान चली गई।
भूस्खलन के कारण सड़कें बंद
भूस्खलन के कारण सड़कें बंद होने से राहत कार्यों में बाधा आ रही है। बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचने के लिए भारी मशक्कत कर रहे हैं। प्रदेश के ज्यादातर क्षेत्रों में आज भी भारी से बहुत भारी बारिश को लेकर ऑरेंज अलर्ट दिया गया है। साथ ही बाकी जिलों में आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तीव्र दौर होने की आशंका है।
मौसम विभाग का ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग के मुताबिक, देहरादून, उत्तरकाशी और बागेश्वर में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश और गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने की आशंका है। इसे लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, पिथौरागढ़ और पौड़ी में कहीं-कहीं भारी बारिश को लेकर यलो अलर्ट है। शेष जिलों में कहीं-कहीं गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तीव्र दौर होने के आसार हैं।
प्रशासन की ओर से पहाड़ से मैदान तक सतर्क रहने की अपील की गई है। लोगों से नदी-नालों से दूर रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई है। बचाव अभियान में NDRF, SDRF, पुलिस और बाकी विभागों की टीमें शामिल हैं।