Jyoti Malhotra: ISI अधिकारी से कनेक्शन? कौन है वो शख्स, जिसने ज्योति की ISI अधिकारियों से कराई मुलाकात, कई नए खुलासे
जांच एजेंसियों की पड़ताल में सामने आया है कि, ISI से जुड़ा अधिकारी अली हसन ही वो शख्स था जिसने ज्योति पाकिस्तान में की मेहमाननवाजी की थी और बाकी सभी व्यवस्थाएं की थी।
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Jyoti Malhotra: पाकिस्तान के दौरे पर गई ट्रैवल व्लॉगर ज्योति मल्होत्रा की यात्राएं अब देश की सुरक्षा एजेंसियों के लिए सिरदर्द बन चुकी हैं। जांच में बड़ा खुलासा हुआ है कि पाकिस्तान में ज्योति की मेहमाननवाजी सिर्फ घूमने-फिरने तक सीमित नहीं थी, बल्कि उसकी मुलाकातें वहां की खुफिया एजेंसी ISI से जुड़े अधिकारियों से करवाई गई थीं।
जांच एजेंसियों की पड़ताल में सामने आया है कि, ISI से जुड़ा अधिकारी अली हसन ही वो शख्स था जिसने ज्योति के फाइव स्टार होटल में ठहरने, पुलिस सुरक्षा और तमाम सुविधाओं की व्यवस्था की थी। वहीं, यह भी पाया गया कि ज्योति ने पाकिस्तान वीजा के लिए दिल्ली के पाक उच्चायोग से संपर्क किया था, जहां उसकी मुलाकात दानिश से हुई। यहीं से दोनों के बीच नंबर एक्सचेंज हुए और फिर पाकिस्तान से जुड़े संपर्कों की पूरी चेन शुरू हुई।
सबसे पहले अली हसन से बात, फिर दानिश से मुलाकात
जिसके बाद 2023 में ज्योति के पहली बार पाकिस्तान पहुंचने पर दानिश ने ही उसे अली हसन से मिलवाया, जिसने आगे चलकर उसकी मुलाकात दो अहम खुफिया अधिकारियों शाकिर और राणा शहबाज से करवाई।
सबसे चौंकाने वाली बात ये है कि ज्योति ने शाकिर का नंबर सेव करते वक्त उसे ‘जट रंधावा’ के नाम से सेव किया था, ताकि कोई शक न हो। अब जांच एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क और ज्योति की गतिविधियों की कड़ियों को जोड़ रही हैं। ये मामला एक यूट्यूबर से शुरू होकर देश की आंतरिक सुरक्षा तक जा पहुंचा है और इसकी परतें हर रोज कुछ और सनसनीखेज खुलासे कर रही हैं।
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डिलीटेड चैट्स और डेटा रिकवर की कोशिश
मिली जानकारी के मुतबिक, ज्योति के 2 मोबाइल और लैपटॉप से डिलीटेड चैट्स और डेटा रिकवर किए जा रहे हैं, जिसमें देश की सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील सुराग ढूंढे जा रहे हैं। अब तक हरियाणा, पंजाब और UP से 11 लोग पकड़े जा चुके हैं और ज्यादातर के तार एक ही शख्स से जुड़ते हैं 'दानिश'। भारत सरकार ने 13 मई को दानिश को देश छोड़ने का आदेश दिया और उसके बाद इस नेटवर्क की परतें खुलती जा रही हैं।
क्या साधारण यूट्यूबर बन सकते हैं डिजिटल एजेंट?
ये मामला सोशल मीडिया की चमक-दमक के पीछे छिपी सबसे खतरनाक साजिशों में से एक बनता जा रहा है, जो देश की सुरक्षा, साइबर नेटवर्क और इंटरनेशनल कूटनीति तक को प्रभावित कर सकता है। लेकिन सवाल उठता है कि क्या साधारण सी यूट्यूबर देश के खिलाफ खतरनाक डिजिटल एजेंट बन बन चुकी थी? अभी तक की जांच की हर परत चौंकाने वाली है। साथ ही आगे की जांच की जा रही है। ज्योति और बाकि सभी 11 लोगों से पूछताछ की जा रही है, साथ ही उनके फोन और लेपटोप भी जब्त कर लिए गए हैं, जिससे नए खुलासे हो सकते हैं।
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मामले में अभी तक सामने आई बातें
1. ज्योति के दानिश से संबंध थे और वह दो बार पाकिस्तान जाकर वहां की राजनीति और सुरक्षा से जुड़े लोगों से मिली थी।
2. पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी से जुड़ा अधिकारी अली हसन ही वो शख्स है। जिसने ज्योति के पाकिस्तान दौरे की व्यवस्था की थी।
3. जांच में उसके मोबाइल और लैपटॉप से डिलीटेड चैट्स और डेटा रिकवर किए जा रहे हैं, जिसमें देश की सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील सुराग ढूंढे जा रहे हैं।
4. अब तक हरियाणा, पंजाब और UP से 11 लोग पकड़े जा चुके हैं और ज्यादातर के तार एक ही शख्स से जुड़ते हैं 'दानिश'।
5. भारत सरकार ने 13 मई को दानिश को देश छोड़ने का आदेश दिया और उसके बाद इस नेटवर्क की परतें खुलती जा रही हैं।