गैंगस्टर राव इंद्रजीत यादव पर कसा शिकंजा, मनी लॉन्ड्रिंग केस में ED की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों की नकदी और जेवरात बरामद
ED ने इंदरजीत यादव के ठिकानों पर आज भी छापेमारी जारी रखी। दिल्ली के सर्वप्रिय विहार से 5.12 करोड़ नकद, 8.80 करोड़ के जेवरात बरामद हुए हैं। जानें क्या है पूरा मामला?
- भारत
- 2 min read

जतिन शर्मा की रिपोर्ट
Gangster Inderjit Yadav News: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग के बड़े मामले में राव इंदरजीत सिंह यादव और उसके सहयोगियों के खिलाफ कार्रवाई तेज की है। पिछले 24 घंटे से ज्यादा समय से दिल्ली के सर्वप्रिय विहार इलाके में अमन कुमार से जुड़े ठिकाने पर छापेमारी जारी है।
ED ने मनी लॉन्ड्रिंग के इस मामले में दिल्ली से करोड़ों की नकदी और जेवरात जब्त किए है। इंदरजीत सिंह यादव, उसके सहयोगियों, अपोलो ग्रीन एनर्जी लिमिटेड और उनसे जुड़े बाकी लोगों और संस्थाओं के खिलाफ ये कार्रवाई की जा रही है। यह मामला धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत दर्ज है।
इंदरजीत सिंह यादव पर ये बड़े आरोप
ED की जांच के मुताबिक, इंदरजीत सिंह यादव पर अवैध वसूली, प्राइवेट फाइनेंसर्स से जबरन लोन सेटलमेंट, हथियारों के दम पर धमकी देने और इन गैरकानूनी गतिविधियों से कमीशन कमाने के आरोप हैं। इन्हीं गतिविधियों से जुड़े पैसों को सफेद करने का शक है। ED ने यह जांच हरियाणा और उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा दर्ज 15 से ज्यादा FIR और चार्जशीट के आधार पर शुरू की है। इन मामलों में आर्म्स एक्ट 1959, भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 और IPS 1860 की अलग अलग धाराओं के तहत केस दर्ज है। 30 दिसंबर को की गई छापेमारी के दौरान ED ने इंदरजीत सिंह यादव के करीबी सहयोगी अमन कुमार से जुड़े एक ठिकाने पर कार्रवाई की। यह ठिकाना दिल्ली के सर्वप्रिय विहार इलाके में स्थित है। यहां से ईडी को बड़ी मात्रा में नकदी और कीमती सामान बरामद हुआ है।
Advertisement
छापेमारी में क्या क्या मिला?
- करीब 5.12 करोड़ रुपये नकद मिले हैं। नकदी की गिनती के लिए बैंक अधिकारियों और कैश काउंटिंग मशीनों को मौके पर बुलाया गया।
- एक सूटकेस में भरे सोने और हीरे के जेवरात, जिनकी कीमत लगभग 8.80 करोड़ रुपये आंकी गई है।
- इसके अलावा एक बैग में कई चेक बुक और ऐसे दस्तावेज मिले हैं, जो करीब 35 करोड़ रुपये की संपत्तियों से जुड़े बताए जा रहे हैं।
ED अधिकारियों के मुताबिक, मामले से जुड़े बाकी ठिकानों पर भी तलाश जारी है और आगे और खुलासे होने की संभावना है। जांच पूरी होने के बाद बरामद पैसों और संपत्तियों को लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।