Delhi: डिफेंस कारोबारी साहिल लूथरा को मिली जान से मारने की धमकी, पुर्तगाल-जर्मनी से आया फोन; पहले भी घर पर हुई थी फायरिंग
विजयेन त्रिशूल डिफेंस सॉल्यूशंस के मैनेजिंग डायरेक्टर साहिल लूथरा को फिर जान से मारने की धमकी मिली है। इससे पहले उनसे रंगदारी मांगने का भी आरोप है।
- भारत
- 2 min read

Delhi News: डिफेंस सेक्टर से जुड़े कारोबारी साहिल लूथरा को एक बार फिर जान से मारने की धमकी मिली है। यह धमकी उन्हें कॉले के जरिये मिली। शिकायत मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने मामले में संज्ञान लिया और स्पेशल सेल को जांच सौंप दी।
शिकायत के मुताबिक, साहिल लूथरा को 26 फरवरी को दो इंटरनेशनल नंबरों से कॉल आई थी, जो कि कथिततौर पर पुर्तगाल और जर्मनी से किए गए। कॉल करने वालों ने खुद को पिछले साल 29-30 नवंबर को अमृतसर स्थित उनके घर के बाहर हुई फायरिंग से जुड़ा बताया। इतना ही नहीं, कॉलर ने उन्हें धमकाया की आगे भी हमले हो सकते हैं।
रंगदारी मांगने का आरोप
शिकायत में अगस्त 2025 में साहिल लूथरा से 10 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने का भी आरोप है। अब पुलिस जांच कर रही है कि क्या यह केस और इसका पैटर्न उन मामलों से मिलता-जुलता है, जिसमें पहले भी हाई-प्रोफाइल लोगों को टारगेट किया गया था।
लगातार मिल रही धमकियां
साहिल लूथरा विजयेन त्रिशूल डिफेंस सॉल्यूशंस (VTDS) के मैनेजिंग डायरेक्टर हैं। शिकायत के अनुसार, उन्हें लगातार पिछले साल अक्टूबर से धमकियां मिल रही थीं।
Advertisement
इससे पहले नवंबर में साहिल लूथरा के घर के बाहर फायरिंग हुई थी, जिसकी जांच पहले से ही जारी है। पिछले कुछ समय में कई मामलों में डराने और धमकाने के लिए घर के बाहर फायरिंग की घटनाएं देखने को मिली है। ऐसे में पुलिस इन मामलों के बीच की कड़ी की भी छानबीन कर रही है।
अंतरराष्ट्रीय एंगल खंगालने में जुटी पुलिस
शिकायत में दावा किया गया है कि यह धमकी भरे कॉल VoIP के जरिये किए गए हैं जिनकी लोकेशन पुर्तगाल, कनाडा, जर्मनी और अमेरिका तक ट्रेस हुई। ऐसे में पुलिस अंतरराष्ट्रीय एंगल को भी खंगालने में जुटी है। शिकायत में बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) और गोल्डी बराड़ गैंग का भी जिक्र है। अभी तक किसी संगठन की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है।
Advertisement
गहनता से की जा रही जांच
वहीं अमृतसर फायरिंग मामले में पंजाब पुलिस ने रंजीत एवेन्यू थाने में एफआईआर नंबर 120/2025 दर्ज कर ली है। अब तक किसी गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल और अन्य एजेंसियां पूरे मामले के पीछे का असली कारण पता लगाने का प्रयास कर रही है।