'आज जो लोग चिंता जता रहे हैं...': दलितों के साथ भेदभाव वाली टिप्पणी पर चिराग पासवान का राहुल गांधी को करारा जवाब
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने दलितों के साथ भेदभाव वाली टिप्पणी पर लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर जमकर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि आज जो लोग चिंता जता रहे हैं, ये वही लोग हैं जिन्होंने सालों तक राज किया था।
- भारत
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केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने शनिवार को कांग्रेस और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को दलितों के साथ कथित भेदभाव वाले बयान पर जोरदार हमला किया। उन्होंने कहा कि जो लोग देश को आजादी मिलने के बाद से लंबे समय तक सत्ता में रहे हैं, उन्हें बताना चाहिए कि ऐसा भेदभाव क्यों जारी है।
पासवान जातिगत भेदभाव और हाल ही में उत्तराखंड में एक जगह पर हुए "शुद्धिकरण" अनुष्ठान पर राहुल गांधी की टिप्पणी का जवाब दे रहे थे, जहां कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने एक रैली को संबोधित किया था। पासवान ने राहुल गांधी के दलितों के साथ भेदभाव वाली टिप्पणी पर जोरदार हमला करते हुए कहा कि ये वही लोग हैं जिन्होंने सालों तक राज किया था और पूरे मौके पर फायदा उठाया था।
आज जो लोग चिंता जता रहे हैं...
दलितों के साथ भेदभाव वाली टिप्पणी पर लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला करते हुए चिराग पासवान ने कहा 'आज जो लोग चिंता जता रहे हैं, ये वही लोग हैं जिन्हें देश ने आजादी के बाद लंबे समय तक भरपूर मौका दिया। वे अब कैसे दावा कर सकते हैं कि समाज में भेदभाव बना हुआ है?"
पासवान ने आगे कहा, "अगर इसके बावजूद समाज में भेदभाव जारी है, तो इसका मतलब है कि वे भी नींव को असरदार तरीके से मजबूत करने में नाकाम रहे।' उन्होंने कहा कि रिजर्वेशन का आधार सामाजिक भेदभाव था और तर्क दिया कि इसे आर्थिक नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए।
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LoP के 'शुद्धिकरण' वाले बयान पर CM धामी ने घेरा
इससे पहले राहुल गांधी ने दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हल्द्वानी के रामलीला मैदान में किए गए कथित 'शुद्धिकरण' अनुष्ठान को लेकर BJP और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर हमला किया था, और इसे "छुआछूत का दूसरा नाम" कहा था।
राहुल गांधी के इस बयान के बाद उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने पलटवार करते हुए कहा 'मुझे लगता है कि कांग्रेस पार्टी मुद्दाविहीन हो चुकी है इसलिए वे बेवजह के मुद्दों को आगे कर रही है। उत्तराखंड में कौन इस बात पर विश्वास करेगा कि यहां पर जातिगत भेदभाव होता है? प्रधानमंत्री के नेतृत्व में सबका साथ-सबका विकास-सबका विश्वास के मंत्र के साथ काम किया जा रहा है।'