अपडेटेड 28 March 2025 at 22:09 IST
ईरान के चाबहार बंदरगाह के जरिये माल ढुलाई पांच साल में 82 प्रतिशत बढ़ी: सोनोवाल
ईरान में चाबहार बंदरगाह ने पिछले पांच वर्षों में माल ढुलाई में 82 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की है और यह 2024-25 के दौरान 22,32,002 टन हो गई।
- भारत
- 1 min read

सरकार ने शुक्रवार को संसद में बताया कि ईरान में चाबहार बंदरगाह ने पिछले पांच वर्षों में माल ढुलाई में 82 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की है और यह 2024-25 के दौरान 22,32,002 टन हो गई।
पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया कि ईरान के चाबहार में शाहिद बहस्ती बंदरगाह और म्यांमा में सित्तवे बंदरगाह, विदेशों में स्थित दो भारतीय बंदरगाह हैं जो चालू हालत में हैं।
मंत्री द्वारा सदन में साझा किये गए आंकड़ों के अनुसार, ईरान के चाबहार बंदरगाह के माध्यम से 2024-25 में माल ढुलाई 22,32,002 टन रही जबकि वर्ष 2020-21 में यह मात्रा 12,24,345 टन थी।
तेरह मई 2024 को, चाबहार बंदरगाह के टर्मिनल के विकास के लिए दीर्घकालिक अनुबंध, जो काफी वर्षों से लंबित था, पर इंडिया पोर्ट ग्लोबल लिमिटेड (आईपीजीएल) तथा ईरान के बंदरगाह और समुद्री संगठन (पीएमओ) के बीच हस्ताक्षर किए गए।
Advertisement
यह बंदरगाह भारत-ईरान की एक प्रमुख परियोजना है।
Advertisement
Published By : Deepak Gupta
पब्लिश्ड 28 March 2025 at 22:09 IST