Rajasthan: बीकानेर में भी सिजेरियन डिलीवरी के बाद 6 महिलाओं की किडनी फेल, एक वेंटिलेटर पर; स्वास्थ्य सेवाओं पर उठे सवाल
बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी के बाद 6 महिलाओं की अचानक तबीयत बिगड़ने से हड़कंप मच गया है। सभी की किडनी फेल हो गई, उसमें से एक महिला हालत नाजुक बनी हुई है। स्वास्थ्य विभाग ने जांच के आदेश दिए हैं। पढ़ें पूरी खबर।
- भारत
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Rajasthan women kidney failure: राजस्थान के बीकानेर से हैरान और परेशान कर देने वाली खबर सामने आ रही है। यहां बीकानेर के सरकारी पीबीएम अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी के कुछ देर बाद 6 महिलाओं की किडनी फेल हो गई, इनमें से एक महिल की हालता नाजुर बनी हुई है, उसे वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है।
अस्पताल सूत्रों की मानें तो सभी महिलाओं की डिलीवरी पिछले 10-15 दिनों के अंदर हुई, ऑपरेशन के बाद उनकी तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि जांच में किडनी फंक्शन पूरी तरह प्रभावित पाया गया, जिसके बाद सभी महिलाओं को ICU में भर्ती किया गया है और उन पर डायलिसिस चल रहा है।
परिजनों ने अस्पताल में काटा हंगामा
परिजनों ने इस घटना को लापरवाही बताते हुए पूरी मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि युवा महिलाओं को इस हालत में देखकर पूरा परिवार परेशान है।
अस्पताल प्रशासन ने क्या कहा?
पीबीएम अस्पताल प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने बताया कि सभी महिलाओं का इलाज चल रहा है। किडनी फेल होने के सही कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाए हैं। फिलहाल, डॉक्टर मरीजों की मेडिकल हिस्ट्री, इस्तेमाल की गई दवाओं, इंजेक्शन और ऑपरेशन प्रक्रिया की पूरी जांच कर रहे हैं। संक्रमण या बाकी वजह की भी तह तक जाने की कोशिश की जा रही है।
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महिलाओं की उम्र 20 से 27 साल के बीच
सभी प्रभावित महिलाएं 20 से 27 साल के बीच की युवा हैं। डॉक्टरों की टीम उनकी 24 घंटे निगरानी कर रही है। कोटा के सरकारी अस्पताल में भी सिजेरियन डिलीवरी के बाद कई महिलाओं की किडनी फेल होने और मौत होने का मामला सामने आए हैं। अब बीकानेर की ये घटना राजस्थान की स्वास्थ्य सेवाओं पर फिर सवाल खड़े कर रही है।
राजस्थान स्वास्थ्य विभाग ने मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं। रिपोर्ट आने के बाद ही असली कारण सामने आएंगे। प्रसव के बाद अगर बुखार, सूजन, पेशाब कम होना, सांस लेने में तकलीफ या कमजोरी महसूस हो तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क किया जाना चाहिए। देरी करना जानलेवा साबित हो सकती है।