Bihar Exclusive: 4 बजे के बाद लालू यादव ने नीतीश कुमार को 17 बार किया फोन, एक बार भी नहीं उठाया!

Bihar Politics Nitish: बिहार में सियासी घमासान के बीच बड़ा अपडेट सामने आया है। जानकारी मिल रही है कि नीतीश लालू यादव का फोन नहीं उठा रहे हैं।

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Lalu and Nitish
लालू यादव और नीतीश | Image: PTI

Bihar News: बिहार में सियासी घमासान के बीच बड़ा अपडेट सामने आया है। जानकारी मिल रही है कि नीतीश लालू यादव का फोन नहीं उठा रहे हैं। शाम 4.30 बजे के बाद लालू यादव ने नीतीश को 17 बार फोन किया, लेकिन उन्होंने कॉल का कोई जवाब नहीं दिया।

आपको बता दें कि नीतीश कुमार को लेकर लगाए जा रहे विभिन्न कयासों के बीच इस घटना से जदयू और राजद की तल्खी का अंदाजा लगाया जा सकता है। ऐसे में उनके NDA से गठबंधन की संभावनाओं में और भी अधिक तेजी आ गई है।

बिहार में सियासी बवाल

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के एक बार फिर NDA के साथ हाथ मिलाने की संभावना के बीच भाजपा नेताओं ने गुरुवार, 25 जनवरी को कई बैठकें कीं। इसके अलावा बिहार भाजपा अध्यक्ष सम्राट चौधरी और सुशील मोदी और विजय कुमार सिन्हा सहित राज्य के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने राष्ट्रीय राजधानी में अमित शाह सहित पार्टी के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की। वहीं, सुशील मोदी ने कहा कि जो दरवाजे बंद हैं वो दोबारा खुल भी सकते हैं। राजनीति संभावनाओं का खेल है। कुछ भी हो सकता है।

आपको बता दें कि पिछले दो दिनों से बिहार की सियासी गलियों में भगदड़ मची है। कर्पूरी ठाकुर की जयंती के बाद से इस तूफान ने ऐसी चाल पकड़ी है कि अटकलों के बाजार में ये खबरें तैरने लगी है कि बिहार में अगले 48 घंटे में बहुत कुछ बदल सकता है। बीजेपी और जदयू के अंदर हलचल से बिहार में खबरें गरमाने लगी है कि नीतीश कुमार कभी भी पाला पलटकर भारतीय जनता पार्टी के साथ आ सकते हैं। बीजेपी के कई नेता नीतीश कुमार की एनडीए में एंट्री को ग्रीन सिग्नल भी दे चुके हैं।

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कल्पना नहीं कर सकते- शिवानंद तिवारी

नीतीश कुमार के NDA में शामिल होने की अटकलों के बीच आरजेडी के कद्दावर नेता शिवानंद तिवारी ने नीतीश कुमार पर हमला बोला है। राजद नेता ने कहा, “हम इसलिए कल्पना नहीं कर सकते हैं क्योंकि वह इतिहास में अपना नाम किस तरह से दर्ज करवाना चाहते हैं? पूरा इतिहास देख लीजिए। हम अभी भी इस बात पर भरोसा करने के लिए तैयार नहीं हैं कि नीतीश कुमार इधर से उछर चले जाएंगे। भाजपा कार्यालय के चपरासी ने भी कहा है कि उनके लिए यहां का दरवाजा बंद हो चुका है, बावजूद इसके किसी की अंतरआत्मा कैसे वहां जाने के लिए कह सकती है।”

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Published By:
 Kunal Verma
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