'SP ने दूसरे बेटे को धमकाया, भरत तिवारी की तरह तुम्हें भी मरवा देंगे', मां का बड़ा आरोप, कहा- मामले की होनी चाहिए CBI जांच

भरत तिवारी की मां आशा देवी ने कहा कि वह जांच से संतुष्ट नहीं हूं। मुझे मुख्यमंत्री पर भी भरोसा नहीं है। इस मामले की CBI जांच कराई जानी चाहिए।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
Bharat Tiwari mother Asha Devi Allegation
भरत तिवारी की मां आशा देवी के आरोप | Image: ANI, X

Bharat Tiwari: बिहार में भोजपुर में भरत भूषण तिवारी के कथित एनकाउंटर मामले पर बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब मां आशा देवी ने भोजपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने बताया कि घटना के आठ दिन बाद एसपी उनके घर आए थे। परिवार पर मामले को दबाने का दबाव बनाया जा रहा है।

मुझे SP पर भरोसा नहीं- मां आशा देवी

मृतक भरत तिवारी की की मां आशा देवी ने कहा कि मुझे SP पर भरोसा नहीं है। उन्होंने ही (एनकाउंटर का) आदेश दिया था। DM ने SP को आदेश दिया और फिर यह सब हुआ। हम न्याय चाहते हैं, इसके लिए हम हाई कोर्ट और दिल्ली तक भी जाएंगे।

उनका कहना है कि वह जांच से संतुष्ट नहीं हूं। आशा देवी ने कहा कि मुझे मुख्यमंत्री पर भी भरोसा नहीं है। इस मामले की CBI जांच कराई जानी चाहिए। इस दौरान उन्होंने बड़ा दावा करते कहा कि उनके दूसरे बेटे चंदन तिवारी को भी धमकी दी गई थी। SP उसे एक कोने में ले गए और कहा कि मीडिया से बात न करे, वरना उसे भी भरत की तरह मार दिया जाएगा। SP का ट्रांसफर होना चाहिए।

कैसे हुआ था एनकाउंटर?

बिहार के भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में रहने वाले भरत तिवारी का हथियार के साथ वीडियो वायरल हुआ था। ऐसे में 17 जून 2026 को पुलिस जब भरत को पकड़ने पहुंची तो काफी देर तक तनातनी के बाद भरत का एनकाउंटर कर दिया गया। एनकाउंटर को लेकर बिहार पुलिस सवालों के घेरे में हैं। मामले में हत्या की FIR दर्ज की गई है।

Advertisement

पुलिस का कहना है कि हमने आत्मरक्षा के लिए गोली चलाई। भरत तिवारी लगातार पुलिस पर गोलीबारी कर रहे थे। जबकि परिवार ने कहा है कि उसने हथियार पुलिस को दे दिए थे।

भरत तिवारी स्थानीय स्तर पर सामाजिक कार्यों के लिए जाने जाते थे। वे बाढ़ प्रभावित इलाकों में मदद, नदी कटान और भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाते थे। उनका कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था।

Advertisement

यह भी पढ़ें: Ketan Agarwal Murder: जोधपुर छोड़ पुणे आया चेतन, पिता की किराना दुकान संभाली, ऐसे हुई थी सिया से पहली मुलाकात

Published By:
 Ruchi Mehra
पब्लिश्ड