अपडेटेड 23 March 2026 at 10:15 IST
पाकिस्तान को सोशल मीडिया पर खुफिया जानकारी दे रहा था वायु सेना का कर्मचारी, जासूसी के आरोप में गिरफ्तार
राजस्थान पुलिस ने रविवार को असम के चाबुआ वायुसेना स्टेशन से एक नागरिक कर्मचारी को पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है।
- भारत
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राजस्थान पुलिस ने एक बड़े ऑपरेशन के तहत रविवार को असम के चाबुआ वायुसेना स्टेशन से एक नागरिक कर्मचारी को पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। इसी के साथ विदेशी खुफिया एजेंसियों से जुड़े एक व्यापक जासूसी नेटवर्क का पर्दाफाश हो गाया। उस कर्मचारी पर वायुसेना की संवेदनशील खुफिया जानकारी को पाकिस्तानी हैंडलर्स तक पहुंचाने का आरोप है।
प्रेस रिलीज की माने तो, पुलिस के अतिरिक्त महानिदेशक (इंटेलिजेंस) प्रफुल्ल कुमार ने बताया कि इस पूरे मामले की शुरुआत जनवरी में जैसलमेर निवासी झबराराम की गिरफ्तारी से हुई थी। उससे पूछताछ की गई और जांच के दौरान एक अन्य संदिग्ध सुमित कुमार का नाम सामने आया। ऐसा पता चला है कि वह पाकिस्तानी खुफिया एजेंसियों के साथ लगातार संपर्क में था।
पाकिस्तान को खुफिया जानकारी देने के आरोप में गिरफ्तार
समाचार एजेंसी एएनआई की माने तो, पुलिस जांच में पता चला कि आरोपी सुमित कुमार (36) वर्तमान में असम के डिब्रूगढ़ जिले के चाबुआ स्थित वायुसेना स्टेशन में मल्टी-टास्किंग स्टाफ के पद पर कार्यरत था। उसने अपने पद का दुरुपयोग किया और वायुसेना स्टेशन से जुड़ी गोपनीय जानकारी इकट्ठा करके सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तानी हैंडलर्स को भेजता था।
2023 से पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के संपर्क में था
राजस्थान खुफिया विभाग की एक टीम ने नई दिल्ली स्थित वायुसेना खुफिया विभाग के साथ संयुक्त अभियान में आरोपी को चाबुआ से हिरासत में लिया गया और उसे जयपुर के केंद्रीय पूछताछ केंद्र में लाया गया। फिर इस केंद्र में विभिन्न खुफिया एजेंसियों द्वारा की गई संयुक्त पूछताछ में पता चला कि आरोपी 2023 से एक पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के संपर्क में था और पैसों के बदले संवेदनशील जानकारी साझा कर रहा था।
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पूछताछ में यह भी पता चला कि आरोपी ने न केवल चाबुआ स्थित वायुसेना स्टेशन, बल्कि नाल (बीकानेर जिला) स्थित वायुसेना स्टेशन सहित अन्य सैन्य प्रतिष्ठानों की भी अहम खुफिया जानकारी साझा की थी। प्रेस रिलीज में बताया गया है कि वो पाक हैंडलर्स को लड़ाकू विमानों, मिसाइल सिस्टम की लोकेशन और अधिकारियों और कर्मियों से जुड़ा गोपनीय डेटा दे रहा था।
पाकिस्तानी हैंडलर्स की मदद भी की
इसके अलावा, आरोपी ने अपने नाम से रजिस्टर मोबाइल नंबरों का उपयोग करके सोशल मीडिया अकाउंट बनाने में पाकिस्तानी हैंडलर्स की मदद भी की थी। आरोपी को 22 मार्च को जयपुर के विशेष पुलिस स्टेशन में ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट 1923 और बीएनएस 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज मामले में गिरफ्तार किया गया था। अब इस मामले में आगे की जांच जारी है।
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Published By : Sakshi Bansal
पब्लिश्ड 23 March 2026 at 10:15 IST