कोलकाता कांड में एक्ट्रेस मिमी चक्रवर्ती को मिली रेप की धमकी, पोस्ट शेयर कर बयां किया दर्द
एक्टर और पूर्व टीएमसी सांसद मिमी चक्रवर्ती को कोलकाता कांड के विरोध में रेप की धमकी मिली है। इसका खुलासा उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट के जरिये किया है।
- मनोरंजन समाचार
- 3 min read

Mimi Chakraborty: कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज एंड अस्पताल में हुए रेपकांड को लेकर पूरे देश में उबाल है। इसे लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन हो रहा है, जिसमें आमजन से लेकर सेलेब्स तक शामिल हो रहे हैं। इस बीच एक्टर और पूर्व टीएमसी सांसद मिमी चक्रवर्ती ने खुलासा किया कि इस मामले पर विरोध जताने को लेकर उन्हें रेप की धमकियां मिल रही हैं और अश्लील मैसेज भेजे जा रहे हैं।
मिमी चक्रवर्ती ने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर दो स्क्रीनशॉट शेयर किए। इसके साथ ही उन्होंने कोलकाता पुलिस के साइबर सेल विभाग को टैग करते हुए लिखा- 'और हम महिलाओं के लिए न्याय की मांग कर रहे हैं ना???? ये उनमें से कुछ ही हैं। जहां बलात्कार की धमकियों को नॉर्मल बना दिया गया है। भीड़ का नकाब ओढ़े कुछ ऐसे जहरीले पुरुष कहते हैं कि वे महिलाओं के साथ खड़े हैं। कौन सी परवरिश और शिक्षा इसकी अनुमति देती है????'
सड़कों पर उतरकर कई कलाकारों ने किया प्रदर्शन
मालूम हो कि एक्ट्रेस मिमी चक्रवर्ती ने कोलकाता डॉक्टर के साथ रेप और हत्या के विरोध में हुए एक प्रदर्शन में हिस्सा लिया था। 14 अगस्त की रात को हुए इस विरोध प्रदर्शन में उनके अलावा रिद्धि सेन, अरिंदम सिल, मधुमिता सरकार जैसे अन्य बंगाली कलाकार न्याय की मांग करते हुए शामिल हुए थे।
बता दें कि एक्ट्रेस मिमी चक्रवर्ती सोशल मीडिया पर खासा एक्टिव रहती हैं और किसी भी मुद्दे पर बेबाकी से अपनी राय रखती हैं। कोलकाता के जघन्य कांड पर भी उन्होंने ऐसा ही किया। हालांकि उनका ऐसा करना कुछ शरारती तत्वों को नागवार गुजरा और उन्होंने अभिनेत्री को धमकी तक दे डाली। फिलहाल मिमी इस मामले को सभी के सामने रख चुकी हैं और उम्मीद की जा रही है कि इस पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
Advertisement
कोलकाता कांड की चल रही सीबीआई जांच
फिलहाल कोलकाता कांड की सीबीआई जांच चल रही है। इसी कड़ी में आरोपी संजय रॉय से पूछताछ की जा रही है। सीबीआई उससे मामले से जुड़े हर सच जानना की कोशिश में है। यही वजह है कि सीबीआई उसका पॉलीग्राफी टेस्ट कराने की तैयारी में है। बता दें कि पॉलीग्राफी टेस्ट को लाई डिटेक्टर के नाम से भी जाना जाता है। इस टेस्ट के जरिये पता लगाया जाता है कि आरोपी किसी मामले को लेकर कितना सच और कितना झूठ बोल रहा है। मामले में पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष भी सवालों के घेरे में हैं। संदीप घोष पर अनियमितता, अवैध कमीशन लेने और नियुक्तियों में हेरफेर के आरोप लगे हैं।
यह भी पढ़ें: Maharashtra: 4 साल की बच्चियों से दरिंदगी पर उबल पड़ा बदलापुर, भारी बवाल के बाद आज इंटरनेट सेवा बहाल