Rajpal Yadav: कोर्ट में दुखड़ा सुनाने लगे राजपाल यादव, तो जज ने लगाई फटकार, कहा- ‘और समय नहीं मिलेगा…’
Rajpal Yadav: राजपाल यादव से जुड़ा चेक बाउंस केस खत्म नहीं हुआ है। अंतरिम जमानत देने के बाद दिल्ली हाई कोर्ट ने एक्टर को मामले को सुलझाने के लिए आखिरी मौका दिया था।
- मनोरंजन समाचार
- 3 min read

Rajpal Yadav: बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव भले ही जेल से बाहर आ गए हो, लेकिन उनसे जुड़ा चेक बाउंस केस खत्म नहीं हुआ है। अंतरिम जमानत देने के बाद दिल्ली हाई कोर्ट ने एक्टर को मामला सुलझाने के लिए आखिरी मौका दिया था। मामले में 2 अप्रैल को सुनवाई हुई जहां कोर्ट ने राजपाल को फटकार लगा दी।
सामने आई जानकारी की माने तो, राजपाल यादव दिल्ली हाई कोर्ट में अपना दुखड़ा सुनाते-सुनाते भावुक हो गए लेकिन जज उनकी एक सुनने के मूड में नहीं थीं। इस मामले की सुनवाई जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने की। उन्होंने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।
राजपाल यादव को कोर्ट से लगी फटकार
एक मौके पर कोर्ट ने राजपाल से कहा- “मुझे अपने सवालों के जवाब नहीं मिल रहे हैं। अंडरटेकिंग में कुछ और कहा गया था, अब आप कुछ और कह रहे हैं”। उन्होंने ये भी कहा कि अगर कोई जज उनसे अच्छा बिहेव कर रहा है तो उसे कमजोर न समझें।
कोर्ट ने कहा, “आप कह रहे हैं कि आप भुगतान करने के लिए तैयार हैं, लेकिन आपके वकील कह रहे हैं कि चूंकि आप पहले ही जेल जा चुके हैं, तो आप भुगतान नहीं करेंगे। अगर आप भुगतान करने को तैयार हैं, तो मैं इस मामले की सुनवाई क्यों कर रही हूं? प्लीज पैसे दे दें।”
Advertisement
वहीं, शिकायतकर्ता कंपनी की ओर से पेश हुए वकील अवनीत सिंह सिक्का ने कहा कि यादव पहले ही अपनी सजा स्वीकार कर चुके हैं और अब पैसे देने से बच नहीं सकते। उन्होंने कहा कि अभी 7.75 करोड़ रुपये की रकम बाकी है, जो राजपाल को चुकानी है। दोनों पक्ष किसी तरह पैसे देने को तैयार हो गए थे लेकिन जब राजपाल से दोबारा पैसे देने के बारे में पूछा गया, तो वह आनाकानी करने लगे। उनका कहना है कि उन्हें पहले ही तीन महीने की सजा दिलवाई जा चुकी है, जिसका उन्हें जवाब देना होगा।
"मुझे पांच बार और जेल भेज दो"
सिक्का ने इस बात पर भी जोर दिया कि बार-बार आश्वासन दिए जाने के बाद भी बकाया राशि का भुगतान नहीं किया गया, जिसके कारण शिकायतकर्ता के पास परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 के तहत कार्यवाही शुरू करने के अलावा कोई ऑप्शन नहीं बचा। सुनवाई के दौरान, कोर्ट ने दोनों पक्षों को बातचीत के माध्यम से समझौता कराने की कोशिश की और आखिरकार शिकायतकर्ता ने फुल सेटलमेंट के रूप में 6 करोड़ की राशि स्वीकार करने पर सहमति जताई।
Advertisement
हालांकि, इस पर भी राजपाल ने आपत्ति जताई और भावुक होकर कहा कि वो पहले ही भारी आर्थिक नुकसान का सामना कर चुके हैं। उन्हें पांच फ्लैट बेचने पड़े थे। वो पहले ही एक बड़ी रकम चुका चुके हैं। एक्टर ने कहा- "मैं भावुक नहीं हूं... मुझे पांच बार और जेल भेज दो।" उन्होंने 6 करोड़ रुपये चुकाने के लिए 30 दिन का समय मांगा जिससे जज ने इनकार कर दिया और कहा- "ना का मतलब ना होता है। मैं फैसला सुरक्षित रख रही हूं। मैं और समय नहीं दूंगी।”