Ikkis में पिता धर्मेंद्र के साथ बॉबी देओल ने भी किया है काम? बड़े पर्दे पर फैंस को मिलेगा प्यारा सरप्राइज
Bobby Deol in Ikkis: धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ कल यानि 1 जनवरी 2026 को बड़े पर्दे पर रिलीज हो रही है। अब ऐसी खबरें आ रही हैं कि बॉबी देओल ने भी 'इक्कीस' में काम किया है।
- मनोरंजन समाचार
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Bobby Deol in Ikkis: धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ कल यानि 1 जनवरी 2026 को बड़े पर्दे पर रिलीज हो रही है। ‘हीमैन’ ने अपने 90वें बर्थडे के कुछ ही दिन पहले 24 नवंबर को आखिरी सांस ली थी। उनके दोनों बेटों सनी देओल और बॉबी देओल ने हाल ही में अपने पिता की याद में ‘इक्कीस’ की स्पेशल स्क्रीनिंग रखी थी। अब फिल्म को लेकर एक और दिलचस्प जानकारी सामने आ रही है।
फिल्म 'इक्कीस' में धर्मेंद्र के साथ अमिताभ बच्चन और जया बच्चन के नाती अगस्त्य नंदा भी लीड रोल में नजर आएंगे। धर्मेंद्र फिल्म में शहीद अरुण खेतरपाल के पिता ब्रिगेडियर एमएल खेतरपाल का किरदार निभाते दिखाई देंगे। यह फिल्म 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान शहीद हुए अरुण खेतरपाल की सच्ची कहानी पर आधारित है।
'इक्कीस' में बॉबी देओल ने भी किया काम
अब ऐसी खबरें आ रही हैं कि एनिमल स्टार बॉबी देओल ने भी अपने पिता की आखिरी फिल्म 'इक्कीस' में काम किया है। जी हां, ओटीटी प्ले रिपोर्ट की माने तो, फिल्म के कई सीन्स में बॉबी की आवाज का इस्तेमाल किया गया है। उन्होंने कथित तौर पर अपने पिता के किरदार के युवा रोल को अपनी आवाज दी है और दर्शक उन्हें बड़े पर्दे पर फ्लैशबैक सीन्स के दौरान सुन सकेंगे।
रिपोर्ट में आगे प्रोडक्शन टीम के एक करीबी सूत्र के हवाले से बताया गया है कि दोनों आवाजों के बीच का बदलाव इस तरह से किया गया है कि पिता-बेटे के बीच के भावनात्मक जुड़ाव को महसूस किया जा सके। अब जबसे बॉबी के फिल्म 'इक्कीस' में डबिंग करने की खबर सामने आई है, तबसे ही फैंस काफी ज्यादा उत्साहित हो गए हैं और इस मूवी को देखने के लिए और भी बेकरार हो रहे हैं।
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'इक्कीस' के डायरेक्टर ने धर्मेंद्र पर क्या कहा
इस बीच, 'इक्कीस' के डायरेक्टर श्रीराम राघवन ने एक इंटरव्यू में धर्मेंद्र के साथ काम करने के अनुभव के बारे में शेयर किया है। उन्होंने बताया है कि धर्मेंद्र काफी नेचुरल एक्टर थे और उनकी एक्टिंग में किसी तरह की बनावट नहीं महसूस होती थी। उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र के अंदर पंजाब में अपना घर छोड़ने का दर्द सालों से बसा था। यही वजह थी कि फिल्म में घर दोबारा जाने का विचार उनके लिए सिर्फ एक सीन ही नहीं था, बल्कि उनके लिए उनकी पर्सनल लाइफ का अनुभव था और फिल्म में किरदार निभाने के साथ ही वह उस इमोशन में डूब गए थे।