चिराग पासवान ने INDI गठबंधन को क्यों बताया भानुमति का कुनबा? बोले- 1 फीसदी का भी कोई भ्रम नहीं...
चिराग पासवान ने इंडी अलायंस को कमजोर बताया। LJP(रामविलास) प्रमुख ने तंज कसा कि गठबंधन के साथी एक दूसरे का गला काटने में लगे हैं।
- चुनाव न्यूज़
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Chirag Paswan: LJP(रामविलास) प्रमुख और हाजीपुर लोकसभा सीट से उम्मीदवार चिराग पासवान ने विपक्षी गठबंधन पर चुटकी ली। उनके मुताबिक महत्वाकांक्षा के चक्कर में बिखराव तय है। विरोधाभास की बात कर नीति और नीयत पर सवाल खड़े किए।
चिराग ने घटक दलों के बीच बैर की ओर संकेत दिया और तुलनात्मक तौर पर एनडीए के बीच सधे सामंजस्य को विपक्षियों से बेहतर बताया।
भानुमति का कुनबा
चिराग से ममता बनर्जी के बाहर से समर्थन दिए जाने वाले बयान पर बोले-ने कहा-, इन लोगों में कौन किसको समर्थन दे रहा पहले चुनाव लड़ेगा फिर समर्थन दीजिएगा..ये विरोधाभास नहीं तो और क्या है...इंडी अलायंस की नीति नीयत ठीक नहीं है। आम आदमी पार्टी दिल्ली में कांग्रेस के खिलाफ, पंजाब में गठबंधन के खिलाफ, ममता दीदी के बंगाल में भी ऐसा है...और बाद में समर्थन की कहती हैं। ये भानुमति का कुनबा नहीं है तो क्या है? किसी की कोई नीति, नीयत या महत्वकांक्षा नहीं है। सभी की केवल एक ही महत्वकांक्षा है कि कैसे एक-दूसरे का गला काटकर हम सत्ता के पास पहुंच जाएं...
भ्रम नहीं पार कर चुके हैं बहुमत
चिराग ने दावे के साथ कहा कि भ्रम की स्थिति नहीं है ...1% का भी कोई भ्रम नहीं है। 5वें चरण के नामांकन होने हैं...हम हम(NDA) 400 के लक्ष्य को बहुत सरलता से पार कर रहे हैं... इन चार चरणों में ही हम बहुमत हासिल कर चुके हैं ये बात भी तय है..."
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ममता बनर्जी ने क्या कहा था?
लगातार अपने ही गठबंधन साथियों को निशाने पर ले लगभग राह अलग कर चुकी है। गठबंधन के बड़े जलसे से दूर रहीं लेकिन इस बीच पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बड़ा ऐलान किया- अगर इंडिया गठबंधन की सरकार बनी तो बाहर से उसे समर्थन देंगी। बंगाल में टिकट बंटवारे को लेकर सहमति नहीं बन पाए थे। सीट शेयरिंग पर मामला ऐसा उलझा कि गठबंधन के साथी एक दूसरे के सामने खड़े हो गए। ममता एक तरफ सिर्फ दो सीटें देने को तैयार थी तो कांग्रेस 7 से कम पर तैयार नहीं हुई। अधीर रंजन चौधरी ने तो यहां तक कह दिया था कि उन्हें ममता की भीख की जरूरत नहीं है।