Budget 2026: होम लोन ब्याज पर Income Tax छूट ₹5 लाख तक होगी? जानिए घर खरीदने वालों की क्या हैं उम्मीदें
Budget 2026: बजट 2026 को लेकर आम आदमी और रियल एस्टेट सेक्टर की उम्मीदें चरम पर हैं। इस बार के बजट में 'अपना घर' खरीदने का सपना देख रहे मिडिल क्लास के लिए सरकार कुछ बड़े ऐलान कर सकती है। आइए जानते हैं।
- बिजनेस न्यूज
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Budget 2026: हर साल की तरह इस बार भी 1 फरवरी को पेश होने वाले केंद्रीय बजट 2026 से आम आदमी को ढेरों उम्मीदें हैं। खासकर उन लोगों के लिए जो अपने 'सपनों के घर' की चाबी का इंतजार कर रहे हैं या भारी-भरकम होम लोन की ईएमआई चुका रहे हैं। रियल एस्टेट सेक्टर और मध्यम वर्ग को इस बार वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से कुछ विशेष राहतों की दरकार है। आइए जानते हैं कि इस साल बजट 2026 में होम लोन लेनबे वालों और घर खरीदारों के लिए क्या कुछ खास हो सकता है।
होम लोन ब्याज पर टैक्स छूट की सीमा में बढ़ोतरी
वर्तमान में इनकम टैक्स एक्ट की धारा 24(b) के तहत होम लोन के ब्याज पर सालाना ₹2 लाख तक की कटौती मिलती है। वहीं पिछले कुछ सालों में घरों की कीमतों और बैंक की दरों में बढ़ोतरी देखी गई है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस सीमा को बढ़ाकर ₹5 लाख किया जाना चाहिए। अगर ऐसा होता है, तो मध्यम वर्ग की कर योग्य आय में बड़ी कमी आएगी और सीधे तौर पर उनकी बचत बढ़ेगी।
किफायती आवास की सुविधाएं
फिलहाल ₹45 लाख तक के घरों को 'किफायती आवास' की श्रेणी में रखा जाता है। लेकिन अब बड़े शहरों में इस बजट में घर मिलना अब नामुमकिन है। रियल एस्टेट इंडस्ट्री की मांग है कि इस सीमा को बढ़ाकर ₹75 से ₹80 लाख तक किया जाए। इससे अधिक खरीदार सब्सिडी और मात्र 1% जीएसटी जैसी सुविधाओं का लाभ उठा पाएंगे।
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प्रधानमंत्री आावास योजना के तहत घर खरीदने वालों को बड़ी राहत
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिलने वाली क्रेडिट लिंक्ड सब्सिडी स्कीम ने पहली बार घर खरीदने वालों को बडी राहत दी थी। आपको बता दें, बजट 2026 में सरकार अर्बन 2.0 के तहत सब्सिडी के नियमों को और सरल बना सकती है और इसके लिए फंड आवंटन बढ़ा सकती है, जिससे निम्न और मध्यम आय वर्ग के लिए ईएमआई का बोझ कम हो सके।
नई टैक्स रिजीम में होम लोन की जगह
अब ज्यादातर टैक्सपेयर्स नई टैक्स रिजीम की तरफ बढ़ रहे हैं, लेकिन इसमें होम लोन पर कोई डिडक्शन नहीं किा जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, इस साल सरकार नई टैक्स व्यवस्था को और भी अच्छा बनाने के लिए ब्याज पर कुछ छूट का ऐलान कर सकती है।