'चीन और अमेरिका के बीच टकराव और झगड़ा नहीं बल्कि हेल्दी कॉम्पिटिशन हो...', व्हाइट हाउस में भव्य स्वागत के बीच जिनपिंग ने बढ़ाया दोस्ती का हाथ
व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति ट्रंप और शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय बातचीत हुई। इस दौरान दोनों राष्ट्रपति एक दूसरे की तारीफ करते नजर आए और संबंधों को बेहतर बनाने पर जोर दिया।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग गुरुवार सुबह अमेरिका पहुंचे। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रोटोकॉल तोड़ते हुए खुद जॉइंट बेस एंड्रयूज एयरपोर्ट जाकर उनका स्वागत किया। इसके बाद व्हाइट हाउस में शी जिनपिंग और उनकी पत्नी का भव्य स्वागत हुआ। डोनाल्ड ट्रंप और फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप ने व्हाइट हाउस में दोनों का स्वागत किया। इसके बाद में दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय बातचीत शुरू हुई
व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति ट्रंप और शी जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय बातचीत शुरू हुई। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और चीन दोस्त हैं तथा उनके हित एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। शी जिनपिंग ने भी इस पर सहमति जताते हुए कहा कि दोनों देशों का मिलकर काम करना फायदेमंद है, जबकि टकराव से दोनों को नुकसान होगा। दोनों राष्ट्रपतियों की इस मुलाकात को काफी अहम माना जा रहा है। शी जिनपिंग के साथ उनका प्रतिनिधमंडल भी इस दौरे पर आए हैं।
अमेरिका-चीन के बीच रेस हो, रेसलिंग नहीं-जिनपिंग
शी जिनपिंग ने व्हाइट हाउस में अपने संबोधन में कहा, “हमें शांति से साथ रहना चाहिए। चीन और अमेरिका दो बड़े देशों के तौर पर सहयोग से फायदा उठा सकते हैं और टकराव से दोनों का नुकसान होगा। हमारा मुकाबला स्वस्थ होना चाहिए और एक दायरे में रहना चाहिए। अमेरिका-चीन के बीच रेस हो, रेसलिंग नहीं। दोनों देशों की कोशिश एक-दूसरे से आगे निकलने की होनी चाहिए, न कि ऐसी लड़ाई की जिसमें एक की जीत और दूसरे की हार हो।
हमें संघर्ष और टकराव से बचना चाहिए-जिनपिंग
चीन और अमेरिका को हमारे बीच किसी भी तरह के संघर्ष और टकराव से बचना चाहिए। हमारी दोनों सेनाओं के बीच नियमित बातचीत होनी चाहिए और संकट के समय बातचीत तथा उसे रोकने के तरीकों को बेहतर बनाना चाहिए। थ्यूसिडाइड्स ट्रैप से पार पाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि चीन का राष्ट्रीय पुनरुत्थान और अमेरिका को फिर महान बनाने का लक्ष्य साथ-साथ आगे बढ़ सकता है।”
शी जिनपिंग के साथ दोस्ती और मजबूत हुई-ट्रंप
वहीं, राष्ट्रपति ट्रंप ने इस मुलाकात को ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि शी जिनपिंग ऐसे पहले चीनी राष्ट्रपति हैं जो दूसरी बार आधिकारिक दौरे पर व्हाइट हाउस पहुंचे हैं। 2016 में जब वे पहली बार राष्ट्रपति बने थे, तब से उनकी और शी जिनपिंग की दोस्ती काफी मजबूत हुई है। यह पहला मौका है जब दोनों नेता व्हाइट हाउस के अंदर बैठकर बातचीत कर रहे हैं और पिछली बार की तुलना में अब हालात काफी बदल चुके हैं।
हम व्यापार को बराबरी के स्तर पर लाने की कोशिश कर रहे हैं-ट्रंप
अपने संबोधन में ट्रंप ने कहा कि उन्हें अमेरिका और चीन के रिश्तों पर गर्व है। दोनों देश अब व्यापार को ज्यादा बराबरी के स्तर पर लाने की कोशिश कर रहे हैं ताकि किसी एक को नुकसान न हो। अमेरिका और चीन का रिश्ता बहुत पुराना है और सदियों से दोनों देशों के बीच संपर्क रहा है। इस बैठक में सुरक्षा, नई टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे गंभीर विषयों पर बात होगी। इन मामलों में लिया गया फैसला अगले कई सालों तक दुनिया में शांति और तरक्की के लिए अहम होगा।
व्हाइट हाउस में शी जिनपिंग का भव्य स्वागत
बता दें कि व्हाइट हाउस में द्विपक्षीय वार्ता पर जाने से पहले ट्रम्प और जिनपिंग ने परिवार के साथ फोटो खिंचवाई और व्हाइट हाउस के रोज गार्डन में सैन्य परेड भी देखा। इस दौरे पर चीनी प्रतिनिधिमंडल भी पहुंचे हैं। चीनी प्रतिनिधिमंडल में वाइस प्रीमियर हे लिफेंग, विदेश मंत्री वांग यी, स्टैंडिंग कमेटी के सदस्य काई ची, वाणिज्य मंत्री वांग वेंटाओ, उप विदेश मंत्री मा झाओक्सू और अमेरिका में चीनी राजदूत झी फेंग शामिल हैं।
Published By : Rupam Kumari
पब्लिश्ड 24 September 2026 at 23:04 IST