US-Iran War: 8 सप्ताह में अमेरिका ने फूंक डाले 25 अरब डॉलर, युद्ध के बाद मुश्किल में ट्रंप सरकार, पेंटागन के अधिकारी का बड़ा दावा
US-Iran War Cost: 28 फरवरी 2026 से शुरू हुए अमेरिका-ईरान युद्ध ने अमेरिकी अर्थव्यवस्था को तगड़ा झटका दिया है। पेंटागन के अनुसार, अब तक 25 अरब डॉलर खर्च हो चुके हैं। इस रिपोर्ट ने ट्रंप सरकार की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
US-Iran War Cost: अमेरिका और ईरान के बीच पिछले आठ हफ्तों से जारी भीषण युद्ध ने अमेरिकी खजाने पर भारी बोझ डाल दिया है। पेंटागन के एक अधिकारी ने बुधवार को बड़ा खुलासा किया कि 28 फरवरी 2026 को शुरू हुए इस संघर्ष में अब तक 25 अरब डॉलर (लगभग 2 लाख करोड़ रुपये) खर्च हो चुके हैं।
हालांकि यह सैन्य खर्च का पहला आधिकारिक अनुमान है, जिसने अमेरिकी राजनीति में भारी हलचल पैदा कर दी है।
गोला-बारूद पर खर्च हुआ पैसा
पेंटागन के कार्यवाहक कॉम्प्ट्रोलर जूल्स हर्स्ट ने हाउस आर्म्ड सर्विसेज कमेटी को बताया कि खर्च की गई इस विशाल राशि का बड़ा हिस्सा गोला-बारूद और युद्ध सामग्री की आपूर्ति में इस्तेमाल हुआ है। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि इस लागत में मध्य पूर्व में क्षतिग्रस्त हुए अमेरिकी सैन्य ठिकानों की मरम्मत का खर्च शामिल है या नहीं।
वहीं दूसरी ओर देखा जाए तो कई देशों की मध्यस्थता के बावजूद अभी भी अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता विफल रही है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने तेहरान के ताजा शांति प्रस्ताव पर असंतोष जताया है, जिससे युद्ध थमने के आसार अभी कम ही दिख रहे हैं।
ट्रंप की लोकप्रियता में भारी गिरावट
बता दें, यह युद्ध ऐसे समय में हो रहा है जब अमेरिका में मिड-टर्म चुनावों के लिए केवल छह महीने बचे हैं। ऐसे में युद्ध के कारण वैश्विक स्तर पर ऊर्जा आपूर्ति और तेल की शिपमेंट बाधित हुई है, जिससे अमेरिका में पेट्रोल-डीजल और उर्वरकों की कीमतों में भारी उछाल आया है।
रॉयटर्स के हालिया पोल के अनुसार, अमेरिका और ईरान युद्ध को लेकर ट्रंप सरकार के साथ जनता का समर्थन लगातार गिर रहा है। इसका ताजा उदाहरण यह है कि मार्च में जहां 38% के मुकाबले लोग इस युद्ध के समर्थन में सरकार के साथ खड़े थे, वहीं अब केवल 34% अमेरिकी ही इस युद्ध का समर्थन कर रहे हैं, जो रिपब्लिकन पार्टी के लिए खतरे की घंटी हो सकती है।
13 अमेरिकी सैनिकों की गई जान, सैकड़ों घायल
वहीं, इस संघर्ष में अब तक 13 अमेरिकी सैनिक अपनी जान गंवा चुके हैं और सैकड़ों घायल हुए हैं। पेंटागन ने सुरक्षा के मद्देनजर मध्य पूर्व में हजारों अतिरिक्त सैनिक तैनात किए हैं और क्षेत्र में तीन विमान वाहक पोत (Aircraft Carriers) तैनात कर रखे हैं।
इसके बाद विपक्षी डेमोक्रेट्स ने इस युद्ध को जनता की जेब पर बोझ बताते हुए सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। मामले में एडम स्मिथ जैसे शीर्ष डेमोक्रेट नेताओं का कहना है कि सरकार लंबे समय से युद्ध की असल लागत छिपा रही थी।
Published By : Shashank Kumar
पब्लिश्ड 29 April 2026 at 23:10 IST