'ईरान में तबाही मचा देंगे, बहुत भयानक मिलिट्री अटैक करेंगे, अगर...', ट्रंप ने तेहरान पर क्यों रोके हमले? जानिए कहां तक पहुंची US-Iran वार्ता
विदेशी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन के एक अज्ञात अधिकारी ने कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच अप्रत्यक्ष बातचीत एक गंभीर चरण में है।
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
- 2 min read
विदेशी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन के एक अज्ञात अधिकारी ने कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच अप्रत्यक्ष बातचीत एक गंभीर चरण में है।
खबरों के मुताबिक, अधिकारी का कहना है कि दोनों पक्षों ने प्रस्तावों का आदान-प्रदान किया है, जो प्रगति का संकेत है, लेकिन अभी तक कोई समझौता नहीं हुआ है।
ट्रंप ने दी धमकी
ट्रंप ने एयर फोर्स वन में पत्रकारों से कहा, "उन्होंने हमसे बहुत अच्छे से कहा, 'कृपया रुकिए, आइए मिलते हैं।' और अभी हम इसी स्थिति में हैं, देखते हैं क्या होता है। अगर कोई डील नहीं होती है, तो हम वापस उसी स्थिति में चले जाएंगे।" ट्रंप ने कहा कि उन्होंने कसम खाई है कि अगर वार्ता फेल होती है तो वो ईरान में तबाही मचा देंगे, बहुत भयानक मिलिट्री हमला करेंगे।
यह रोक ईरान पर लगभग दो हफ्ते तक चले हमलों के बाद लगाई गई है, क्योंकि ट्रंप और उनके सहयोगी अपने बचे हुए सैन्य विकल्पों पर विचार कर रहे हैं।
रूस ईरान की मदद कर रहा?
ट्रंप ने माना कि रूस, अमेरिकी ठिकानों के बारे में खुफिया जानकारी देकर ईरान की मदद कर रहा हो सकता है, लेकिन उन्होंने इसे ज्यादा अहमियत नहीं दी और कहा कि इसका कोई खास असर नहीं पड़ा है क्योंकि हम उन्हें बुरी तरह से हरा रहे हैं।
ट्रंप ने सोमवार को 'एयर फोर्स वन' में पत्रकारों से कहा, "हो सकता है कि वे जानकारी दे रहे हों, लेकिन अगर ऐसा है भी, तो इसका कोई फायदा नहीं हुआ है।"
ट्रंप ने कहा कि यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की के आरोपों के बावजूद कि रूस ऐसा कर रहा है, उन्हें नहीं लगता कि वे ऐसा कर रहे हैं। कम से कम बड़े स्तर पर तो बिल्कुल नहीं।
Published By : Kunal Verma
पब्लिश्ड 27 July 2026 at 23:30 IST