Iran US War: 'वार्ता नहीं करेगा तो वो हालत करेंगे जो पहले...', सीजफायर खत्म होने से पहले ट्रंप ने फिर दी धमकी, ईरान ने दिया मुंहतोड़ जवाब
US Iran War: ट्रंप ने कहा कि ईरान के पास परमाणु हथियार तक पहुंच नहीं होनी चाहिए, उन्हें परमाणु हथियार हासिल करने का कोई मौका नहीं मिलना चाहिए और हम ऐसा होने नहीं दे सकते।
US-Iran news: अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर खत्म होने में सिर्फ एक दिन का समय ही बचा है। इस बीच पाकिस्तान के इस्लामाबाद में दोनों देश के बीच एक बार फिर वार्ता के लिए तैयार हो रही है। हालांकि बातचीत पर संस्पेंस अब भी बना हुआ है। अमेरिका वार्ता के लिए इस्लामाबाद अपना डेलिगेशन भेज गया है, लेकिन ईरान बातचीत में हिस्सा लेगा या नहीं, इस पर अभी तक कोई अपडेट नहीं आया है। न ही ईरानी डेलिगेशन अब तक इस्लामाबाद के लिए रवाना हुआ है।
ट्रंप ने ईरान को फिर चेताया
इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने विश्वास जताया है कि तेहरान राजनयिक वार्ता में शामिल होगा। साथ ही उन्होंने फिर ईरान को चेतावनी भी दी है कि सहयोग न करने पर उन्हें "समस्याओं का सामना करना पड़ेगा"।
'द जॉन फ्रेडरिक्स शो' के साथ फोन पर दिए गए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि वे (ईरान) बातचीत करेंगे और अगर वे ऐसा नहीं करते हैं, तो उन्हें ऐसी समस्याओं का सामना करना पड़ेगा, जो उन्होंने पहले कभी नहीं देखी होंगी। उन्होंने आगे कहा कि उम्मीद है, वे एक उचित समझौता करेंगे और अपने देश का पुनर्निर्माण करेंगे।
‘ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने…’
ट्रंप ने इस बात पर जोर दिया कि तेहरान को ऐसे हथियार हासिल करने से रोकना वैश्विक आवश्यकता है। उन्होंने कहा, "उनके पास परमाणु हथियार तक पहुंच नहीं होनी चाहिए, उन्हें परमाणु हथियार हासिल करने का कोई मौका नहीं मिलना चाहिए और हम ऐसा होने नहीं दे सकते। यह दुनिया का विनाश हो सकता है, और हम ऐसा होने नहीं देंगे।"
अपने प्रशासन द्वारा की गई सैन्य कार्रवाई का बचाव करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने जोर देकर कहा कि ईरान के मामले में हमारे पास कोई विकल्प नहीं था। ऐसा नहीं था कि हमारे पास कोई विकल्प था। हमें यह करना ही पड़ा। उन्होंने आगे दावा किया कि उनकी टीम ने शानदार काम किया है, और हम इसे सुलझा लेंगे, और सभी लोग खुश होंगे।
इससे पहले सोमवार (20 अप्रैल) को ट्रंप ने Truth Social पर 50 मिनट के अंदर चार पोस्ट कर संघर्ष का बचाव किया था। इस दौरान उन्होंने समझौते पर न पहुंचने की स्थिति में ईरानी बिजली संयंत्रों को निशाना बनाने की धमकी को भी दोहराया। ट्रंप ने ऑपरेशन मिडनाइट हैमर के प्रभाव का बखान करते हुए इसे ईरान में परमाणु धूल स्थलों का पूर्ण और कुल विनाश बताया।
युद्ध के मैदान में नए पत्ते खोलने की तैयारी कर ली है- ईरान
ट्रंप की इस बयानबाजी का तेहरान में कड़ा विरोध हुआ है। ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद गालिबाफ ने उन पर पर बातचीत की मेज को आत्मसमर्पण की मेज में बदलने का आरोप लगाया है। गालिबाफ ने साफ कहा कि ईरान दबाव में नहीं आएगा। हम धमकियों के साये में बातचीत स्वीकार नहीं करते। हमने युद्ध के मैदान में नए पत्ते खोलने की तैयारी कर ली है।
Published By : Ruchi Mehra
पब्लिश्ड 21 April 2026 at 14:59 IST