'टेलीविजन के लिए दिखाए जाने वाले ड्रामे से हकीकत नहीं बदल सकती...', सीमा पार आतंकवाद को लेकर भारत ने पाकिस्तान को लगाई फटकार
भारत ने क्षेत्रीय सुरक्षा और सीमा पार घुसपैठ के बारे में पाकिस्तान के आरोपों पर उसे जमकर लताड़ा है। बुधवार को विदेश मंत्रालय ने कहा 'झूठ बोलना और गलत बातें फैलाना पाकिस्तान की आदत बन गई है। दिखावटी दावों से जमीनी हकीकत नहीं बदलती।'
- अंतरराष्ट्रीय न्यूज
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भारत ने बुधवार को क्षेत्रीय सुरक्षा और सीमा पार घुसपैठ के बारे में पाकिस्तान के आरोपों का कड़ा जवाब दिया। भारत ने कहा कि इस्लामाबाद की सरकार द्वारा प्रायोजित सीमा पार आतंकवाद की पुरानी नीति को मनगढ़ंत मीडिया नैरेटिव से छुपाया नहीं जा सकता।
हर दो हफ़्ते में होने वाली प्रेस ब्रीफिंग में, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस बात पर जोर दिया कि पाकिस्तान का प्रोपेगैंडा और गुमराह करने की लगातार कोशिशें, भारत के खिलाफ आतंकी नेटवर्क को पनाह देने और उन्हें बढ़ावा देने के उसके लंबे और दर्ज इतिहास को छिपाने में नाकाम रही हैं।
झूठ बोलना और गलत बातें फैलाना पाकिस्तान की आदत-MEA
प्रेस ब्रीफिंग में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पाकिस्तान को जमकर लताड़ते हुए कहा '"पाकिस्तान एक ऐसा देश है जो सालों से सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा दे रहा है; झूठ बोलना और गलत बातें फैलाना उसकी आदत बन गई है।" इस बीच जायसवाल ने राष्ट्रीय सुरक्षा पर भारत के मज़बूत और अडिग रुख को भी दोहराया।
दिखावटी दावों से जमीनी हकीकत नहीं बदलती-MEA
सीमा पार से टीवी पर दिए गए बयानों और मीडिया कैंपेन का सीधे तौर पर ज़िक्र करते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि दिखावटी दावों से जमीनी हकीकत नहीं बदलती। उन्होंने साफ शब्दों में कहा '"मैं इस बात पर ज़ोर देना चाहता हूँ कि वे चाहे कितनी भी कोशिश कर लें, टेलीविजन के लिए रचा गया ड्रामा जमीनी हकीकत को नहीं बदल सकता।"
भारत ने 2 पाकिस्तानी आतंकवादी मार गिराए
इससे पहले, शनिवार को विदेश मंत्रालय (MEA) ने कड़े राजनयिक विरोध के तहत पाकिस्तान हाई कमीशन के चार्ज डी अफेयर्स को तलब किया। यह कदम सीमा पार घुसपैठ और सीमा पर पाकिस्तानी नशीले पदार्थों के सिंडिकेट की सक्रिय भूमिका के खिलाफ भारत का कड़ा विरोध दर्ज कराने के लिए उठाया गया था।
भारत ने पंजाब के फ़िरोज़पुर सेक्टर में इंटरनेशनल बॉर्डर पर 2 अक्टूबर को हुई सुरक्षा मुठभेड़ के बारे में पाकिस्तान के "बेबुनियाद और दुर्भावनापूर्ण" आरोपों को भी पूरी तरह से खारिज कर दिया। भारतीय अधिकारियों के अनुसार, 2 अक्टूबर की घटना तब हुई जब तीन लोग गैर-कानूनी तरीके से पाकिस्तान से भारतीय इलाके में घुस आए।
बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) के जवानों ने घुसपैठियों को पाकिस्तानी तरफ वापस जाने के लिए कई बार औपचारिक चेतावनी दी। उन लोगों ने बात नहीं मानी और बॉर्डर फेंस (बाड़) की तरफ बढ़ना जारी रखा, जिससे BSF जवानों को तुरंत सुरक्षा खतरे को बेअसर करने के लिए गोली चलानी पड़ी।
Published By : Sahitya Maurya
पब्लिश्ड 7 October 2026 at 23:20 IST