अपडेटेड 20 January 2026 at 08:10 IST
क्या गाजा पीस बोर्ड में शामिल होगा भारत? ट्रंप ने भेजा पीएम मोदी को न्योता, जानिए क्या चाहता है अमेरिका
Gaza Board of Peace: डोनाल्ड ट्रंप के गाजा पीस ऑफ बोर्ड में पीएम मोदी को दिए दिए न्योते पर अभी तक भारत की ओर से कोई फैसला नहीं लिया गया है।
Gaza Board of Peace: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा पीस बोर्ड में शामिल होने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को न्योता भेजा है। लेकिन, ट्रंप के निमंत्रण पर भारत ने अभी आधिकारिक रूप से कोई जवाब नहीं दिया है। भारत के अलावा कई अन्य देशों को भी इस बोर्ड का हिस्सा बनने का ऑफर मिला है। वॉशिंगटन इसे शांति और स्थिरता लाने वाले एक नए अंतरराष्ट्रीय निकाय के तौर पर देख रहा है।
रिपोर्ट्स की मानें तो भारत की ओर से अभी इस निमंत्रण पर विचार-विमर्श किया जा रहा है। भारत इसे लेकर किसी भी तरह की जल्दबाजी के मूड में नहीं है। ऐसे में सरकार का यह रुख कूटनीतिक रूप से काफी अहम माना जा रहा है। बताया गया है कि विदेश मंत्रालय ट्रंप के इस नए बोर्ड का हिस्सा बनने से पहले उन सभी शर्तों और जिम्मेदारियों को बारीकी से परखना चाहता है जो इस सदस्यता के साथ आ सकती हैं।
बोर्ड में 60 देशों को शामिल होने का न्योता
राष्ट्रपति ट्रंप खुद इस संस्था के अध्यक्ष हैं। खबर है कि ट्रंप अब तक 60 देशों को इस बोर्ड में शामिल होने का न्योता भेज चुके हैं। इसमें भारत के अलावा अर्जेंटीना, मिस्त्र, कनाडा, तुर्की, अल्बानिया और साइप्रस समेत शामिल हैं। वह इस पहल को दुनिया में शांति लाने का मंच बता रहे हैं। हालांकि यूरोप और संयुक्त राष्ट्र से जुड़े कई राजनयिक इसे UN की भूमिका को कमजोर करने की कोशिश के तौर पर देख रहे हैं।
पीएम मोदी को भेजे गए पत्र में लिखा ये
ट्रंप द्वारा पीएम मोदी को आमंत्रित किया पत्र भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने सोशल मीडिया पर शेयर किया है। इसमें लिखा है कि मध्य पूर्व में शांति बहाल करने के प्रयास और वैश्विक संघर्ष के समाधान के लिए काम करने को लेकर पीएम मोदी को आमंत्रित करना उनके (ट्रंप) लिए सम्मान की बात है।
शहबाज शरीफ को भी निमंत्रण
ट्रंप ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को भी गाजा के लिए गठित बोर्ड ऑफ पीस में शामिल होने का निमंत्रण दिया है। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने इसकी आधिकारिक पुष्टी की है।
गाजा पीस बोर्ड की स्थापना क्यों?
दरअसल, हाल ही में डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा के प्रशासन और पुनर्निर्माण के लिए नेशनल कमेटी फॉर द एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ गाजा (NCAG) बनाने का ऐलान किया। इस कमेटी की निगरानी, फंड जुटाने और फैसलों के लिए ही बोर्ड ऑफ पीस बनाया गया है।
गाजा में अमेरिका और इजराइल के बीच युद्धविराम कराते समय ट्रंप ने विकास का ऐलान किया था। ट्रंप का कहना था कि युद्ध थमा तो एक शांति बोर्ड की स्थापना की जाएगी। यह गाजा में चुनाव तक वहां के विकास कार्यों को देखेगा।
Published By : Ankur Shrivastava
पब्लिश्ड 20 January 2026 at 07:51 IST